रायपुर।15-09-2025
छत्तीसगढ़ सरकार ने सैनिकों और उनके परिजनों के लिए बड़ा कदम उठाया है। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की अध्यक्षता में हुई राज्य सैनिक बोर्ड की बैठक में तय किया गया कि युद्ध या सैन्य कार्रवाई में सर्वोच्च बलिदान देने वाले जवानों के परिजनों को अब पहले की तुलना में कहीं अधिक आर्थिक सहायता मिलेगी।
बैठक में महत्वपूर्ण निर्णय लेते हुए शहीद सैनिकों की पत्नी या आश्रित को दी जाने वाली अनुग्रह राशि 20 लाख से बढ़ाकर 50 लाख रुपये कर दी गई है। वहीं, परमवीर चक्र जैसे सर्वोच्च वीरता अलंकरण प्राप्त जवानों को अब 40 लाख की जगह सीधे 1 करोड़ रुपये की राशि दी जाएगी।
मुख्यमंत्री का संदेश
बैठक को संबोधित करते हुए श्री साय ने कहा कि,“देश की सुरक्षा के लिए प्राणों की आहुति देने वाले वीर सपूतों का कर्ज कभी नहीं उतारा जा सकता। राज्य सरकार का दायित्व है कि शौर्य और बलिदान को उचित सम्मान दिया जाए और उनके परिवारों को संबल मिले।”
अन्य अहम फैसले
बैठक में शौर्य अलंकरण प्राप्त सैनिकों व दिव्यांग हुए जवानों की सहायता राशि बढ़ाने पर भी सहमति बनी।
युद्ध में दिव्यांग हुए सैनिकों को 30 लाख रुपये तक अनुग्रह राशि।
सैनिकों के माता-पिता को वार्षिक 20 हजार रुपये जंगी इनाम।
सैनिकों, भूतपूर्व सैनिकों और विधवाओं को पहली बार भूमि अथवा मकान खरीदने पर 25 लाख रुपये तक स्टाम्प शुल्क में छूट।
भविष्य की दिशा
बैठक में उपस्थित अधिकारियों और समिति सदस्यों ने सैनिक कल्याण की योजनाओं को और प्रभावी बनाने के सुझाव दिए। मुख्यमंत्री ने आश्वासन दिया कि इन पर गंभीरता से विचार होगा ताकि लाभ सीधे ज़रूरतमंद तक पहुँचे।
✍ समीक्षा
यह फैसला न केवल शहीद परिवारों को आर्थिक सुरक्षा देगा, बल्कि समाज में सैनिकों के योगदान को और भी अधिक सम्मानित करेगा। छत्तीसगढ़ सरकार का यह कदम राष्ट्रसेवा के प्रति संवेदनशील दृष्टिकोण और कृतज्ञता का प्रतीक माना जा रहा है।


