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Sunday, November 1, 2026
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सामाजिक कुरीति बाल विवाह से कैसे निपटें: छत्तीसगढ़ में पहल और अभियान

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रायपुर 18 मई 2026

छत्तीसगढ़ में बाल विवाह की जड़ें कमजोर करने के लिए सरकार और समाज अब एकजुट होकर मैदान में उतरे हैं। राष्ट्रीय परिवार स्वास्थ्य सर्वेक्षण-5 के मुताबिक, राज्य में 20-24 साल की 23.2% लड़कियों का विवाह 18 साल से पहले हुआ था। लेकिन 2023 के बाद शुरू हुए अभियानों ने इस आंकड़े को नीचे लाने की ठोस शुरुआत की है।

भारत सरकार की प्रमुख पहल
भारत में बाल विवाह रोकने के लिए सरकार ने बाल विवाह मुक्त भारत अभियान (27 नवंबर 2024) और पोर्टल शुरू किया है, जिसका लक्ष्य 2030 तक बाल विवाह खत्म करना है। प्रमुख योजनाओं में बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ, सुकन्या समृद्धि योजना, और विभिन्न राज्यों की कन्या विवाह योजनाएं शामिल हैं, जो लड़कियों की शिक्षा और आर्थिक सशक्तीकरण के माध्यम से विवाह में देरी को प्रोत्साहित करती हैं।

बाल विवाह मुक्त पंचायत अभियान: 2024 में लॉन्च इस अभियान में हर पंचायत को ‘बाल विवाह मुक्त’ घोषित करने का लक्ष्य है। अब तक 6,200 ग्राम पंचायतों ने प्रस्ताव पारित किया है। पंच-सरपंच को शादी का कार्ड व उम्र प्रमाण-पत्र देखना अनिवार्य किया गया।

1098 हेल्पलाइन की सक्रियता: चाइल्डलाइन 1098 पर बाल विवाह की सूचना मिलते ही पुलिस, महिला बाल विकास विभाग और SDM की संयुक्त टीम 1 घंटे में मौके पर पहुंचती है। 2025 में अकेले मुंगेली जिले में 74 बाल विवाह रोके गए।

जमीनी स्तर पर अभियान
‘लाड़ो अभियान’: यूनिसेफ और एमपी राज्य सरकार की साझेदारी में चल रहे इस अभियान में स्कूलों की ‘मीना मंच’ और आंगनबाड़ी की किशोरी समूह लड़कियों को कानून की जानकारी दे रहे हैं। लड़कियों ने खुद 300 से ज्यादा शादियां रुकवाई हैं।

निकाह/फेरे से पहले उम्र जांच: कलेक्टरों ने पंडित, मौलवी और बैंड-बाजा वालों को निर्देश दिया है कि वे बिना आधार/मार्कशीट देखे शादी न कराएं। उल्लंघन पर 1 लाख जुर्माना और 2 साल की सजा का प्रावधान है।

‘सशक्त बेटी, समृद्ध छत्तीसगढ़’ रथ: हर ब्लॉक में जागरूकता रथ घूम रहा है जो नुक्कड़ नाटक से बताता है कि बाल विवाह से एनीमिया, मातृ मृत्यु और स्कूल ड्रॉपआउट कैसे बढ़ता है।

चुनौती और रास्ता
गरीबी, अशिक्षा और ‘अक्षय तृतीया’ पर सामूहिक विवाह अभी भी बड़ी चुनौती हैं। पर अब गांव की महिलाएं ही ‘निगरानी समिति’ बनकर पुलिस को सूचना दे रही हैं।

लक्ष्य
प्रशासन के कहना है, “कानून के डंडे के साथ शिक्षा और रोजगार का सहारा देना जरूरी है। जब बेटी कमाने लगेगी, तो कोई उसे बोझ समझकर 14 साल में विदा नहीं करेगा।”: देश की हर पंचायत को ‘बाल विवाह मुक्त’ घोषित करना और साल 2030 तक पूरे भारत से बाल विवाह का पूर्णतः उन्मूलन करना है।

बाल विवाह रोकना सिर्फ सरकारी जिम्मेदारी नहीं। हर घर को तय करना होगा कि बेटी की डोली से पहले उसकी डिग्री निकले। तभी छत्तीसगढ़ सचमुच ‘बाल विवाह मुक्त’ बनेगा।

आजादी के बाद अबूझमाड़ के दूरदराज गांव में पहली बार खुला स्कूल

रायपुर, 18 मई 2026

देश के गृह मंत्री अमित शाह के कुशल नेतृत्व एवं मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के सुशासन में छत्तीसगढ़ का अबूझमाड़ क्षेत्र अब नक्सलवाद के अंधेरे से निकलकर शिक्षा की नई रोशनी की ओर बढ़ रहा है।

नारायणपुर जिले के अबूझमाड़ इलाके के एक बहुत दूरस्थ गांव कारकाबेड़ा में आजादी के बाद पहली बार स्कूल खुला है। यह गांव कभी नक्सलियों का गढ़ हुआ करता था। अब यहाँ के बच्चों को पढ़ने का मौका मिल रहा है।

कैसे हुई शुरुआत
कुछ समय पहले कोड़ेनार में एक जनसमस्या शिविर लगा था। वहाँ कारकाबेड़ा के ग्रामीणों ने अपने गांव में स्कूल खोलने की मांग रखी। कलेक्टर ने मामले को गंभीरता से लेते हुए शिक्षा विभाग को तुरंत कार्रवाई के निर्देश दिए।

5 घंटे पैदल चलकर पहुंची टीम
शिक्षा विभाग की टीम ने पहले गांव का सर्वे किया, जिसमें 20 बच्चे स्कूल जाने योग्य पाए गए। इसके बाद खंड शिक्षा अधिकारी, समन्वयक, सरपंच और शिक्षकों की टीम नदी-नाले और पहाड़ पार कर करीब 5 घंटे पैदल चलकर गांव पहुंची और स्कूल का उद्घाटन किया।

पहले दिन ही मिली किताबें और यूनिफॉर्म
स्कूल के पहले दिन सभी 20 बच्चों को मुफ्त में यूनिफॉर्म, किताबें, स्लेट-पेंसिल और ब्लैकबोर्ड दिए गए। गांव के सरपंच रामूराम वड्डे ने कहा कि यह हमारे लिए किसी सपने के सच होने जैसा है। अब बच्चों को पढ़ने के लिए दूर नहीं जाना पड़ेगा।

आगे की योजना
फिलहाल एक स्थानीय अतिथि शिक्षक की व्यवस्था की गई है। आने वाले समय में पास के गांव मरकूड़ के बच्चे भी इस स्कूल का लाभ उठा सकेंगे।


कांकेर में सड़क-पुल निर्माण कार्यों का निरीक्षण, अधिकारियों को तेजी से काम करने के निर्देश

रायपुर, 18 मई 2026

छत्तीसगढ़ विष्णुदेव सरकार दूर-दराज के इलाकों में सड़क और पुल बनाने के काम को तेज करना चाहती है। इसी सिलसिले में लोक निर्माण विभाग के सचिव मुकेश कुमार बंसल ने 17 मई को कांकेर जिले का दौरा किया।

भानुप्रतापपुर में उन्होंने अधिकारियों की बैठक ली और चल रहे निर्माण कार्यों की जानकारी ली। उन्होंने साफ कहा कि काम में लापरवाही बिल्कुल नहीं चलेगी। सभी अधिकारी खुद मैदान में जाकर काम की निगरानी करें।

मानसून से पहले सड़कें ठीक करने का आदेश
बरसात शुरू होने से पहले सभी सड़कों की मरम्मत पूरी करना जरूरी है। सड़कों पर गड्ढे न हों और पानी न जमे, यह सुनिश्चित किया जाए। पुलों पर रिफ्लेक्टर और रेलिंग जल्द लगाई जाए ताकि दुर्घटनाएं न हों।

दूरस्थ गांवों को सड़क से जोड़ने पर जोर
जो गांव अभी भी सड़क से नहीं जुड़े हैं, वहाँ पुल बनाने के प्रस्ताव तुरंत सरकार को भेजे जाएं।

ठेकेदारों पर सख्ती
नरहरपुर के कॉलेज भवन में काम बहुत धीमा पाया गया। संबंधित ठेकेदार को तुरंत नोटिस देने का आदेश दिया गया। देरी और घटिया काम करने वाले ठेकेदारों पर जुर्माना लगाया जाएगा, उनका दर्जा घटाया जाएगा और जरूरत पड़ने पर काम भी रद्द किया जाएगा।

निरीक्षण
बैठक के बाद श्री बंसल ने खंडी नदी और मेढकी नदी पर बन रहे पुलों का निरीक्षण किया। उन्होंने अंतागढ़ से नारायणपुर तक 46 किमी लंबे, लगभग 120 करोड़ रुपये की लागत वाले सड़क चौड़ीकरण कार्य का भी जायजा लिया।


एक नजर:-खाड़ी युद्ध और तनाव से भारत में बढ़ती घरेलू आम समस्याएं

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डिजिटल डेस्क/नई दिल्ली 18 मई 2026

ईरान इजरायल और अमेरिका के बीच तनाव और पश्चिम एशिया में हॉर्मूज पर मंडराते संकट ने भारत की अर्थव्यवस्था और आम आदमी की रसोई तक दस्तक दे दी है। छत्तीसगढ़ में भी यातायात बाधित हो रहा है ट्रांसपोर्ट सर्विस पर असर दिख रहा है ।वर्षों बाद पेट्रोल डीजल संकट गहराता जा रहा पंपों पर लंबी कतारें घंटों की लाइन कुछ अलग ही किस्सा बयां कर रही है।

इजरायल-ईरान टकराव और लाल सागर में हूती विद्रोहियों के हमलों के बाद कच्चे तेल की कीमतें 6 महीने में 95 डॉलर प्रति बैरल तक पहुंच गई हैं। भारत अपनी जरूरत का 85% तेल आयात करता है, जिसमें से 55% खाड़ी देशों से आता है। इस वजह से भारत पर सीधा असर पड़ रहा है।

महंगाई की मार
क्रूड महंगा होते ही पेट्रोल-डीजल की कीमतों पर दबाव बढ़ा है। अप्रैल 2026 में थोक महंगाई दर 4.8% पहुंच गई, जबकि खाद्य महंगाई 8.2% है। ट्रांसपोर्ट महंगा होने से सब्जी, दाल और फल 10-15% तक महंगे हुए हैं। आरबीआई ने माना है कि अगर खाड़ी में युद्ध लंबा खिंचा तो रेपो रेट घटाना मुश्किल होगा, जिससे EMI का बोझ कम नहीं होगा।

व्यापार और निर्यात पर संकट
लाल सागर रूट बाधित होने से भारत का यूरोप को निर्यात 22% महंगा हो गया है। शिपिंग कंपनियां अब अफ्रीका का चक्कर लगाकर जा रही हैं, जिससे 15 दिन ज्यादा लग रहे हैं। निर्यातकों का कहना है कि चावल, मसाले, टेक्सटाइल और इंजीनियरिंग सामान की डिलीवरी लेट हो रही है। फेडरेशन ऑफ इंडियन एक्सपोर्ट ऑर्गनाइजेशन के अनुसार, इस साल 30 अरब डॉलर का निर्यात प्रभावित हो सकता है।

90 लाख भारतीयों की सुरक्षा चिंता
खाड़ी देशों में 90 लाख से ज्यादा भारतीय काम करते हैं। सऊदी, यूएई, कतर और कुवैत में हालात बिगड़े तो बड़े पैमाने पर वापसी शुरू हो सकती है। 2020 में कोरोना के दौरान 12 लाख लोग लौटे थे, जिससे विदेशी मुद्रा भंडार पर असर पड़ा था। अभी विदेश मंत्रालय ने ‘ऑपरेशन सुरक्षा’ के तहत एडवाइजरी जारी की है।

रेमिटेंस घटने का खतरा
भारत को हर साल खाड़ी से 45 अरब डॉलर रेमिटेंस मिलता है। यह केरल, यूपी, बिहार और तमिलनाडु की अर्थव्यवस्था की रीढ़ है। युद्ध की स्थिति में नौकरियां गईं तो गांवों तक पैसा पहुंचना कम होगा। वर्ल्ड बैंक ने 2026 में भारत के रेमिटेंस में 8-10% गिरावट की आशंका जताई है।

उर्वरक और खाद्य सुरक्षा पर असर
भारत 60% यूरिया और DAP खाड़ी देशों से मंगाता है। सप्लाई चेन टूटने से खरीफ सीजन में खाद महंगी हो सकती है। सरकार ने रणनीतिक भंडार बढ़ाया है, पर लंबा संकट किसानों की लागत बढ़ाएगा।

भारत की तैयारी
सरकार ने क्रूड का रणनीतिक भंडार 9.5 दिन से बढ़ाकर 14 दिन किया है। रूस और ब्राजील से तेल खरीद बढ़ाई जा रही है। साथ ही चाबहार पोर्ट के जरिए ईरान-अफगानिस्तान रूट को वैकल्पिक व्यापार मार्ग के रूप में तैयार किया जा रहा है।

विशेषज्ञ मानते हैं कि खाड़ी में शांति भारत के हित में है। जब तक तनाव कम नहीं होता, आम आदमी को महंगाई और नौकरी के मोर्चे पर सावधान रहना होगा।(संक्षिप्त जानकारी पर आधारित)

स्वीडन रॉयल ऑर्डर ऑफ द पोलर स्टार सम्मान: पीएम मोदी बने पहले एशियाई लीडर

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नई दिल्ली/नमो ऐप -18 मई 2026

स्वीडन के गोथेनबर्ग में आयोजित एक विशेष समारोह में महामहिम क्राउन प्रिंसेस विक्टोरिया ने पीएम मोदी को स्वीडन के सबसे पुराने और प्रतिष्ठित सम्मानों में से एक ‘रॉयल ऑर्डर ऑफ द पोलर स्टार, डिग्री कमांडर ग्रैंड क्रॉस’ से सम्मानित किया। इस सम्मान के लिए आभार जताते हुए पीएम मोदी ने इसे भारत के 140 करोड़ लोगों और भारत – स्वीडन की प्रगाढ़ मित्रता को समर्पित किया। पीएम मोदी यह सम्मान पाने वाले पहले एशियाई नेता भी बन गए हैं।

सम्मान स्वीकार करते हुए प्रधानमंत्री ने इसे भारत के 140 करोड़ लोगों और भारत-स्वीडन की प्रगाढ़ मित्रता को समर्पित किया। उन्होंने कहा कि यह पुरस्कार दोनों देशों के बीच तकनीक, हरित ऊर्जा, नवाचार और रक्षा के क्षेत्र में बढ़ती साझेदारी का प्रतीक है। स्वीडन ने यह सम्मान भारत के वैश्विक योगदान और पीएम मोदी के दूरदर्शी नेतृत्व को मान्यता देते हुए दिया है।

वैश्विक मंच पर लगातार बढ़ रहा भारत का कद
पिछले 7 वर्षों में प्रधानमंत्री मोदी को दुनिया के कई देशों ने अपने सर्वोच्च नागरिक सम्मान से नवाजा है। सऊदी अरब के ‘किंग अब्दुलअजीज सैश’ से लेकर अफगानिस्तान के ‘अमीर अमानुल्लाह खान पुरस्कार’, फिलिस्तीन के ‘ग्रैंड कॉलर ऑफ द स्टेट ऑफ फिलिस्तीन’, UAE के ‘ऑर्डर ऑफ जायद’, रूस के ‘ऑर्डर ऑफ सेंट एंड्रयू द एपोस्टल’ और मालदीव के ‘निशान इज्जुद्दीन’ तक, यह फेहरिस्त भारत की मजबूत होती कूटनीति की गवाह है।

सिर्फ देशों के सम्मान ही नहीं, बल्कि वैश्विक संस्थानों ने भी पीएम मोदी के नेतृत्व को सराहा है। 2018 में उन्हें सियोल शांति पुरस्कार और संयुक्त राष्ट्र का सर्वोच्च पर्यावरण सम्मान चैंपियंस ऑफ द अर्थ अवार्ड मिला। 2019 में ‘राष्ट्र के लिए उत्कृष्ट नेतृत्व’ के लिए प्रथम फिलिप कोटलर प्रेसिडेंशियल अवार्ड और स्वच्छ भारत अभियान को जन-आंदोलन बनाने के लिए ग्लोबल गोलकीपर अवार्ड से सम्मानित किया गया। 2021 में ग्लोबल एनर्जी एंड एनवायरनमेंट लीडरशिप अवार्ड भी उनके नाम रहा।

ये सभी सम्मान बताते हैं कि पीएम मोदी के नेतृत्व में भारत की आवाज वैश्विक मंचों पर और बुलंद हुई है। स्वीडन का यह पुरस्कार सिर्फ एक व्यक्ति का नहीं, बल्कि नए भारत की आकांक्षाओं और 140 करोड़ भारतीयों के परिश्रम का सम्मान है। यह भारत-स्वीडन संबंधों को नई ऊंचाई देगा।

बेमेतरा सर्किट हाउस में राज्यपाल रमेन डेका ने किया पौधारोपण, पर्यावरण संरक्षण का दिया संदेश

बेमेतरा – 17/05/2026

छत्तीसगढ़ के राज्यपाल रमेन डेका ने अपने बेमेतरा प्रवास के दौरान स्थानीय सर्किट हाउस परिसर में ‘एक पेड़ मां के नाम’ अभियान के तहत पौधरोपण किया। इस दौरान उन्होंने आंवले का पौधा लगाकर पर्यावरण संरक्षण और हरियाली बढ़ाने का संदेश दिया।

राज्यपाल श्री डेका ने उपस्थित अधिकारियों और नागरिकों को संबोधित करते हुए कहा कि पेड़-पौधे मानव जीवन के लिए बेहद जरूरी हैं। बदलते मौसम और बढ़ते तापमान को देखते हुए प्रत्येक व्यक्ति को पौधरोपण के प्रति जागरूक होना चाहिए। उन्होंने कहा कि मां के नाम लगाया गया पौधा आने वाली पीढ़ियों के लिए भी एक अमूल्य धरोहर साबित होगा।

उन्होंने जिला प्रशासन को जिलेभर में वृक्षारोपण अभियान को और अधिक प्रभावी ढंग से चलाने तथा लगाए गए पौधों की सुरक्षा और देखरेख सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। साथ ही आम लोगों से भी अपील की कि वे विशेष अवसरों और मानसून के दौरान कम से कम एक पौधा जरूर लगाएं।

कार्यक्रम में खाद्य मंत्री दयालदास बघेल विधानसभा नवागढ़, ईश्वर साहू विधायक साजा , दीपेश साहू विधायक बेमेतरा , कलेक्टर प्रतिष्ठा ममगाईं, डीआईजी रामकृष्ण साहू सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी, जनप्रतिनिधि और गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। सभी ने पर्यावरण संरक्षण की दिशा में मिलकर कार्य करने का संकल्प लिया।

चोरों ने फिल्मी स्टाइल से जाते-जाते संदेश लिखे “Love You” कांग्रेस दफ्तर के बाथरूम पर चोरों का धावा,

अंबिकापुर 17/05/2026

अंबिकापुर स्थित कांग्रेस जिला कार्यालय राजीव भवन में हुई एक अजीबोगरीब चोरी ने शहर भर में चर्चा छेड़ दी है। इस बार चोरों ने नकदी, कंप्यूटर या जरूरी दस्तावेजों को हाथ तक नहीं लगाया, बल्कि सीधे दफ्तर के बाथरूम को ही निशाना बना डाला।

मीडिया खबर के मुताबिक गांधी चौक स्थित राजीव भवन के अलग-अलग बाथरूमों से करीब 72 नल चोरी कर लिए गए। हैरानी की बात यह है कि चोरों ने पूरे आराम और बारीकी से नलों को खोला, जिससे अंदाजा लगाया जा रहा है कि वारदात को अंजाम देने वालों को किसी तरह का डर नहीं था।

लेकिन कहानी यहीं खत्म नहीं हुई। चोर जाते-जाते फर्श पर “Love You” लिखकर फरार हो गए। इस हरकत ने पूरे मामले को और रहस्यमयी बना दिया है। कांग्रेस नेताओं का कहना है कि यह सिर्फ चोरी नहीं, बल्कि सुरक्षा व्यवस्था को खुली चुनौती है।

घटना सामने आने के बाद कांग्रेस जिला अध्यक्ष बालकृष्ण पाठक मौके पर पहुंचे और उन्होंने शहर की कानून व्यवस्था पर गंभीर सवाल उठाए। उनका कहना है कि शहर में सक्रिय नशेड़ी और असामाजिक तत्व लगातार वारदातों को अंजाम दे रहे हैं, जबकि पुलिस व्यवस्था पूरी तरह बेअसर नजर आ रही है।

बड़ा सवाल अब यह है कि शहर के बेहद संवेदनशील और वीआईपी माने जाने वाले इलाके में मौजूद राजीव भवन में आखिर बार-बार चोरी कैसे हो रही है। कांग्रेस नेताओं के मुताबिक पिछले कुछ समय में यह तीसरी चोरी है, जिससे दफ्तर की सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल खड़े हो गए हैं।

फिलहाल पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। वहीं शहर में अब यह चर्चा तेज है कि आखिर चोर सिर्फ नल क्यों ले गए और “Love You” लिखने के पीछे उनका मकसद क्या था।

यातायात समस्या – सड़क किनारे खड़े ट्रकों के खिलाफ दो दिवसीय धरना

किरंदुल/बस्तर न्यूज 17/05/2026

(रवि सरकार)

बैलाडीला किरंदुल नगर में सड़क किनारे भारी वाहनों की लगातार बढ़ती संख्या और संभावित दुर्घटनाओं के खतरे को लेकर नगरवासियों ने दो दिवसीय शांतिपूर्ण धरना प्रदर्शन का ऐलान किया है। इस संबंध में नगर के विभिन्न विभागों, जनप्रतिनिधियों, व्यापारिक संगठनों और सामाजिक संस्थाओं को पत्र सौंपकर आंदोलन में सहयोग की अपील की गई है।

धरना प्रदर्शन को लेकर अनुविभागीय अधिकारी बड़े बचेली, पालिका प्रशासन, थाना किरंदुल, व्यापारी संगठनों, राजनीतिक दलों, पत्रकार संगठनों और ठेकेदार संघ सहित कई संस्थाओं को ज्ञापन दिया गया है। आंदोलनकारियों का कहना है कि यह प्रदर्शन किसी एक व्यक्ति या संगठन के खिलाफ नहीं, बल्कि पूरे नगर की सुरक्षा और नागरिकों की सुविधा के लिए किया जा रहा है।

ज्ञापन में बताया गया है कि कोड़ेनार पंचायत क्षेत्र स्थित बैलाडीला ट्रक ऑनर्स एसोसिएशन कार्यालय से लेकर पेट्रोल पंप और किरंदुल बस स्टैंड तक सड़कों के किनारे बड़ी संख्या में ट्रक खड़े रहते हैं। इसके कारण आम लोगों को आवागमन में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है और हर समय दुर्घटना की आशंका बनी रहती है। खासकर महिलाओं, बच्चों और दोपहिया वाहन चालकों में भय का माहौल बना हुआ है।

नगरवासियों ने प्रशासन से मांग की है कि सड़कों पर खड़े भारी वाहनों को हटाकर उनके लिए अलग पार्किंग स्थल निर्धारित किया जाए, ताकि भविष्य में किसी बड़े हादसे से बचा जा सके। इसी मांग को लेकर 18 और 19 मई को कोड़ेनार पंचायत स्थित पेट्रोल पंप के पास शांतिपूर्ण धरना प्रदर्शन आयोजित किया जाएगा।

आंदोलन समिति ने नगर के सभी नागरिकों से अधिक से अधिक संख्या में शामिल होकर जनहित और नगर सुरक्षा के इस अभियान को सफल बनाने की अपील की है।

ट्रेन में आग -राजधानी एक्सप्रेस में लगी भीषण आग, यात्रियों में मचा हड़कंप

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डिजिटल डेस्क न्यूज/रतलाम – 17/05/2026

राजधानी एक्सप्रेस में रविवार सुबह अचानक आग लगने से यात्रियों में अफरा-तफरी मच गई। हादसा जिले के पास हुआ, जहां तिरुवनंतपुरम से हजरत निजामुद्दीन (दिल्ली) जा रही राजधानी एक्सप्रेस के एक कोच में आग भड़क उठी।

रेलवे प्रशासन ने आधिकारिक रूप से बताया है कि इस हादसे में किसी भी यात्री के हताहत होने की सूचना नहीं है। प्रभावित कोच में मौजूद सभी 68 यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया और ट्रैक किनारे सुरक्षित स्थान पर पहुंचाया गया। रेलवे की ओर से यात्रियों के लिए तत्काल जलपान और आवश्यक सहायता की व्यवस्था की गई। साथ ही रेलवे स्वास्थ्य विभाग की टीम भी मौके पर पहुंचकर स्थिति पर नजर बनाए हुए है।

चलिए खबर को जानते है_
मीडिया सूत्र जानकारी के अनुसार आग लगते ही ट्रेन में धुआं फैल गया, जिससे यात्रियों में दहशत का माहौल बन गया। घटना की सूचना मिलते ही रेलवे अधिकारियों और फायर ब्रिगेड की टीम मौके पर पहुंची और राहत-बचाव कार्य शुरू किया गया। सुरक्षा के मद्देनजर यात्रियों को तुरंत कोच से बाहर निकाला गया।

प्रारंभिक जानकारी के मुताबिक शॉर्ट सर्किट को आग लगने की संभावित वजह माना जा रहा है, हालांकि रेलवे द्वारा मामले की जांच की जा रही है। हादसे के बाद कुछ समय के लिए रेल यातायात भी प्रभावित रहा।

रेलवे प्रशासन ने कहा है कि स्थिति अब नियंत्रण में है और यात्रियों की सुरक्षा को प्राथमिकता दी जा रही है। घटना के बाद यात्रियों में काफी भय और घबराहट देखी गई।

प्रधानमंत्री के नीदरलैंड दौरे में भारत को मिली बड़ी सौगात, पीएम मोदी ने प्रवासी भारतीयों को किया संबोधित

डिजिटल डेस्क/नमो ऐप -17/05/2026

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नीदरलैंड दौरे के दौरान भारत और नीदरलैंड के संबंधों को नई मजबूती मिली। द हेग में आयोजित एक बड़े सामुदायिक कार्यक्रम में प्रधानमंत्री मोदी ने भारतीय प्रवासी समुदाय की सराहना करते हुए कहा कि प्रवासी भारतीय दोनों देशों के बीच एक मजबूत सेतु का काम कर रहे हैं। उन्होंने प्रवासी भारतीयों से विकसित भारत के निर्माण में सक्रिय भागीदारी की अपील भी की।

इस दौरान नीदरलैंड सरकार और लाइडेन यूनिवर्सिटी लाइब्रेरी ने भारत को 11वीं शताब्दी के चोल काल के दुर्लभ ताम्रपत्र लौटाए। लगभग 1000 साल पुराने इन ऐतिहासिक ताम्रपत्रों की वापसी को भारत की सांस्कृतिक धरोहर के लिए बड़ी उपलब्धि माना जा रहा है।

नीदरलैंड में बसे सूरीनामी हिंदुस्तानी समुदाय के लिए भी बड़ी घोषणा की गई। भारत सरकार ने ओसीआई कार्ड की पात्रता चौथी पीढ़ी से बढ़ाकर छठी पीढ़ी तक करने का निर्णय लिया है, जिसका वहां के भारतीय मूल के लोगों ने स्वागत किया।

दौरे के दौरान भारत के सेमीकंडक्टर क्षेत्र को भी बड़ी मजबूती मिली। गुजरात के धोलेरा में बनने वाले भारत के पहले फ्रंट-एंड सेमीकंडक्टर फैब के लिए टाटा इलेक्ट्रॉनिक्स और ASML
के बीच समझौता हुआ। इस अवसर पर पीएम मोदी और नीदरलैंड के प्रधानमंत्री मौजूद रहे।

इसके अलावा संस्कृति, ऊर्जा, कृषि, शिक्षा, स्वास्थ्य और रक्षा जैसे कई क्षेत्रों में भी दोनों देशों के बीच महत्वपूर्ण समझौतों पर हस्ताक्षर किए गए।