रायपुर, 16 अप्रैल 2026 —
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने आज पं. रविशंकर शुक्ल विश्वविद्यालय में आयोजित समारोह में उच्च शिक्षा विभाग के 430 चयनित प्रयोगशाला परिचारकों को नियुक्ति पत्र सौंपे।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री श्री साय ने सभी नवनियुक्त अभ्यर्थियों को बधाई देते हुए कहा कि राज्य सरकार युवाओं के उज्ज्वल भविष्य के निर्माण के लिए पूर्णतः प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में भर्ती प्रक्रियाओं को पारदर्शी, निष्पक्ष और व्यवस्थित बनाने के लिए व्यापक सुधार किए गए हैं, जिनका सकारात्मक परिणाम अब सामने आने लगा है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि भर्ती प्रक्रियाओं को पारदर्शी बनाने के लिए व्यापक सुधार किए गए हैं। पूर्व के पीएससी घोटाले की जांच सीबीआई को सौंपी गई है। ‘सुशासन एवं अभिसरण विभाग’ का गठन और मंत्रालय कार्यों को ई-प्रणाली से जोड़ा गया है। ‘छत्तीसगढ़ कर्मचारी चयन मंडल’ और ‘परीक्षा कैलेंडर’ लागू करने की दिशा में काम जारी है।
उच्च शिक्षा मंत्री टंकराम वर्मा ने कहा कि पदस्थापना में पारदर्शिता के लिए काउंसलिंग प्रणाली अपनाई गई और यह नई पीढ़ी विकसित भारत 2047 के लक्ष्य में योगदान देगी।मंत्री श्री वर्मा ने बताया कि पदस्थापना प्रक्रिया में भी पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए काउंसलिंग प्रणाली अपनाई गई। यह व्यवस्था सुशासन के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता को दर्शाती है।
उन्होंने कहा कि विकसित भारत 2047 के लक्ष्य को ध्यान में रखते हुए यह नई पीढ़ी छत्तीसगढ़ को प्रगति और समृद्धि के नए आयामों तक ले जाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी। हाल ही में लैब टेक्नीशियन और अब प्रयोगशाला परिचारकों की नियुक्तियाँ इस दिशा में सरकार की सक्रियता का स्पष्ट प्रमाण हैं।
कार्यक्रम में उच्च शिक्षा सचिव डॉ. एस. भारतीदासन ने चयनित अभ्यर्थियों को बधाई देते हुए उन्हें अपने दायित्वों का निर्वहन पूरी निष्ठा और समर्पण के साथ करने के लिए प्रेरित किया। इस अवसर पर उच्च शिक्षा विभाग के आयुक्त डॉ. संतोष देवांगन सहित विभागीय अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित थे।


