रायपुर, 14 मार्च 2026।
छत्तीसगढ़ में प्रशासनिक व्यवस्था को और मजबूत बनाने के उद्देश्य से राज्य सरकार ने दो नई उप-तहसीलों की घोषणा की है। इससे स्थानीय स्तर पर लोगों को प्रशासनिक और राजस्व सेवाओं का लाभ आसानी से मिल सकेगा तथा उन्हें दूरस्थ तहसील कार्यालयों के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे।
विधानसभा में राजस्व मंत्री टंक राम वर्मा ने वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए विभागों की अनुदान मांगों पर चर्चा के दौरान यह जानकारी दी। उन्होंने बताया कि राज्य सरकार राजस्व सेवाओं को अधिक पारदर्शी और तकनीक आधारित बनाने की दिशा में लगातार कार्य कर रही है।
मंत्री ने कहा कि भूमि अभिलेखों के डिजिटलीकरण, ऑटो डायवर्सन व्यवस्था और डिजिटल किसान किताब जैसी सुविधाओं से नागरिकों और किसानों को काफी राहत मिल रही है। नई उप-तहसीलों के गठन से नामांतरण, बंटवारा, खसरा-खतौनी की नकल और अन्य राजस्व कार्य स्थानीय स्तर पर ही आसानी से हो सकेंगे।
उन्होंने बताया कि सरकार आपदा प्रबंधन को भी सशक्त बनाने के लिए लगातार प्रयास कर रही है। बाढ़, सूखा, अतिवृष्टि और अन्य प्राकृतिक आपदाओं से प्रभावित लोगों को त्वरित राहत उपलब्ध कराने के लिए राहत एवं पुनर्वास व्यवस्था को मजबूत किया जा रहा है। आधुनिक तकनीक और पूर्व चेतावनी प्रणाली के माध्यम से आपदाओं के प्रभाव को कम करने के प्रयास किए जा रहे हैं।
राजस्व मंत्री ने जानकारी दी कि प्राकृतिक आपदा राहत के लिए छत्तीसगढ़ को 15.70 करोड़ रुपये की अतिरिक्त सहायता राशि प्राप्त हुई है। उन्होंने इसके लिए केंद्र सरकार के प्रति आभार व्यक्त किया।
दो नई उप-तहसीलों से बढ़ेंगी प्रशासनिक सुविधाएं, राजस्व कार्य होंगे आसान


