महाराष्ट्र में नागपुर के महाल इलाके में सोमवार, 17 मार्च औरंगजेब की कब्र को लेकर विवाद दो गुटों के बीच झड़प और पत्थरबाजी “
महाराष्ट्र के नागपुर में सोमवार को औरंगजेब की कब्र को लेकर हुए विवाद के बाद हिंसा भड़क उठी।
40 से ज्यादा वाहन जलाए, पुलिसकर्मियों समेत 18 घायल, करीब 50 गिरफ्तार।
औरंगजेब की कब्र को हटाने के लिए एक दक्षिणपंथी संगठन द्वारा किए गए प्रदर्शन के दौरान धर्मग्रंथ जलाए जाने की अफवाह फैलने के बाद मध्य नागपुर में सोमवार को हिंसा भड़क गई. इस दौरान पथराव और आगजनी हुई.
मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने कहा है कि उन्होंने कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस को कड़े से कड़े कदम उठाने को कहा है.
केंद्रीय मंत्री और नागपुर से सांसद नितिन गडकरी ने भी बयान जारी किया है। उन्होंने लोगों से शांति की अपील की है।उन्होंने कहा, “कुछ अफवाहों की वजह से नागपुर में सांप्रदायिक तनाव की स्थिति पैदा हुई है। शहर का इतिहास ऐसे मामलों में शांति बनाए रखने के लिए जाना जाता रहा है। मैं सभी से आग्रह करता हूं कि वे किसी भी तरह की अफवाहों पर विश्वास न करें और शांति बनाए रखें।
“नितिन गडकरी ने लोगों से अपील की है, “घर से बाहर न निकलें, क़ानून-व्यवस्था बनाए रखने में सहयोग करें.”
उन्होंने लोगों से पुलिस प्रशासन करने का सहयोग करने की अपील करते हुए कहा, “मैं आप सभी को आश्वस्त करता हूं कि सरकार उन लोगों के खिलाफ कार्रवाई करेगी, जिन्होंने गलती की है या अवैध गतिविधियों में लिप्त हैं. कृपया पुलिस प्रशासन का सहयोग करें, प्रेम बढ़ाएं और शहर में सकारात्मक माहौल बनाए रखें.”
नागपुर पुलिस आयुक्त डॉ. रविंदर सिंघल ने समाचार सूत्रों से कहा, “परिस्थिति अभी शांत है. एक फोटो जलाई गई थी, जिसके बाद लोग जमा हुए, उनका निवेदन हुआ. उनके निवेदन पर हमने कार्रवाई की. इसके अलावा लोगों का एक प्रतिनिधिमंडल मुझसे मिलने मेरे ऑफिस भी आया था. उनको बताया कि उन्होंने जो नाम दिए थे, उसके हिसाब से हमने एफ़आईआर दर्ज की है और उनके ऊपर कार्रवाई करेंगे. ये घटना हुई थी, उसके बाद से हमारी कार्रवाई शुरू है।”कुछ इलाक़ों में क़र्फ़्यू लगा दिया गया
इनमें कोतवाली, गणेशपेठ, लकड़गंज, पचपावली, शांतिनगर, सक्करदारा, नंदनवन, इमामवाड़ा, यशोधरा नगर और कपिल नगर शामिल है.
अफवाह फैलने से हुई नागपुर हिंसा अफवाह धर्मग्रंथ जलाए जाने की,दो गुटों में विवाद इलाकों में कर्फ्यू “”


