बेंगलुरु 29 मई 2026
कर्नाटक की राजनीति में गुरुवार सुबह बड़ा भूचाल आया। राज्यपाल थावरचंद गहलोत ने मुख्यमंत्री सिद्धारमैया का इस्तीफा स्वीकार कर लिया और इसके साथ ही पूरी मंत्रिपरिषद को भी भंग कर दिया गया। इस घटनाक्रम के बाद राज्य में नए सियासी समीकरण बनने की अटकलें तेज हो गई हैं।
क्या है पूरा मामला?
सूत्रों के मुताबिक, सिद्धारमैया ने बुधवार देर रात राज्यपाल को अपना इस्तीफा सौंपा था। राज्यपाल ने गुरुवार सुबह इस्तीफा स्वीकार करते हुए मंत्रिपरिषद भंग करने की अधिसूचना जारी कर दी। राजभवन से जारी बयान में कहा गया कि “संवैधानिक प्रक्रिया के तहत कार्रवाई की गई है”।
इस्तीफे की वजह अभी आधिकारिक तौर पर साफ नहीं की गई है। हालांकि राजनीतिक गलियारों में पिछले कुछ हफ्तों से कांग्रेस के अंदर चल रही खींचतान की चर्चा थी। ढाई-ढाई साल के CM फॉर्मूले को लेकर पार्टी में गुटबाजी सामने आ रही थी।
डीके शिवकुमार बनेंगे नए CM?
सिद्धारमैया के इस्तीफे के बाद डिप्टी CM और कर्नाटक कांग्रेस अध्यक्ष डीके शिवकुमार का नाम मुख्यमंत्री पद के लिए सबसे आगे चल रहा है। शिवकुमार पिछले कई महीनों से CM पद के प्रबल दावेदार माने जा रहे थे।
कांग्रेस विधायक दल की बैठक जल्द बुलाई जा सकती है। केंद्रीय पर्यवेक्षक भी बेंगलुरु पहुंच रहे हैं। अगर सब कुछ प्लान के मुताबिक रहा तो डीके शिवकुमार आज ही शपथ ले सकते हैं।
सिद्धारमैया का कार्यकाल
सिद्धारमैया ने मई 2023 में दूसरी बार कर्नाटक के मुख्यमंत्री के रूप में शपथ ली थी। उनके कार्यकाल में ‘5 गारंटी’ योजनाओं को लागू किया गया। हालांकि, पिछले कुछ महीनों से MUDA स्कैम और वक्फ बोर्ड विवाद को लेकर विपक्ष उन पर लगातार हमलावर था।
विपक्ष की प्रतिक्रिया
भाजपा ने इस घटनाक्रम को “कांग्रेस की अंदरूनी लड़ाई का नतीजा” बताया है। पूर्व CM बसवराज बोम्मई ने कहा कि “कांग्रेस सरकार अपने ही बोझ से गिर गई”। वहीं JDS नेता एचडी कुमारस्वामी ने कहा कि “राज्य में अस्थिरता का माहौल है”।
आगे क्या?
नया CM: कांग्रेस विधायक दल की बैठक में नए नेता का चुनाव होगा। डीके शिवकुमार प्रबल दावेदार हैं।
नई कैबिनेट: CM के शपथ के बाद नई मंत्रिपरिषद का गठन होगा। कई पुराने चेहरों की छुट्टी हो सकती है।
कानूनी पहलू: राज्यपाल ने अभी सिद्धारमैया को कार्यवाहक CM बने रहने को कहा है या नहीं, इस पर स्थिति साफ नहीं है।
संक्षेप में: कर्नाटक में कांग्रेस सरकार का एक अध्याय खत्म हुआ है। अब सबकी नजरें इस बात पर हैं कि क्या डीके शिवकुमार CM की कुर्सी संभालते हैं और क्या वो बची हुई अवधि में सरकार को स्थिर रख पाते हैं।
नोट: यह खबर 29 मई 2026 सुबह तक की उपलब्ध जानकारी पर आधारित है। स्थिति तेजी से बदल रही है।


