कवर्धा (कबीरधाम)रिपोर्टिंग पवन तिवारी
कबीरधाम जिले के विभिन्न तहसीलों में गौ सेवकों द्वारा गौ संरक्षण को लेकर व्यापक जन आंदोलन किया गया। इस दौरान राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री, राज्यपाल एवं मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपकर कई महत्वपूर्ण मांगें रखी गईं।
ज्ञापन के माध्यम से प्रमुख रूप से तीन मांगें सामने रखी गईं—गौ माता को ‘राष्ट्र माता’ घोषित करने के साथ उसे राष्ट्रीय धरोहर एवं आराध्य का दर्जा देने, देशभर में गौ हत्या पर पूर्ण प्रतिबंध लगाने तथा गौ संरक्षण के लिए प्रभावी अनुसंधान व्यवस्था स्थापित करने की मांग शामिल है।
इसके अलावा गौ सेवकों ने नीतिगत सुझाव भी प्रस्तुत किए, जिनमें गोबर एवं गौमूत्र पर आधारित अनुसंधान केंद्रों की स्थापना, सरकारी भवनों में गोनाइल व गोबर पेंट के उपयोग को बढ़ावा देने, शॉपिंग मॉल्स में गौ उत्पादों के लिए विशेष काउंटर बनाने तथा गोचर भूमि को अतिक्रमण मुक्त कर ‘गोचर विकास बोर्ड’ के गठन की मांग शामिल रही।
आंदोलन के दौरान गौ सेवकों ने संकीर्तन करते हुए शांतिपूर्ण ढंग से अपनी बात रखी और गौ रक्षा के नारे लगाए। इस आयोजन में बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिकों एवं क्षेत्रवासियों की उपस्थिति रही।
खबर संक्षिप्त
कबीरधाम जिले में गौ सेवकों ने गौ संरक्षण को लेकर जन आंदोलन करते हुए विभिन्न तहसीलों में ज्ञापन सौंपा। इसमें गौ माता को राष्ट्र माता घोषित करने, गौ हत्या पर प्रतिबंध और संरक्षण के लिए अनुसंधान व्यवस्था की मांग प्रमुख रही।
गौ माता को ‘राष्ट्र माता’ घोषित करने सहित तीन प्रमुख मांगें, शांतिपूर्ण तरीके से उठा मुद्दा


