रायपुर: 02/05/2026
छत्तीसगढ़ में आम आदमी की जेब पर दोहरी मार पड़ रही है। प्रदेश में पेट्रोल-डीजल की कीमतों और परिचालन लागत में वृद्धि के कारण परिवहन सेवाओं के दामों में भारी उछाल आया है।
किराये और टोल का बढ़ा बोझ
खबर है कि राज्य में बस संचालकों की मांग के बाद यात्री किराए में 25% की बढ़ोतरी लागू कर दी गई है। इसके साथ ही, ऑटो और टैक्सी चालकों ने भी अपनी दरों में 20 से 30 फीसदी तक का इजाफा कर दिया है। सफर को और महंगा बना रहे हैं नेशनल हाईवे के टोल प्लाजा, जहां 1 अप्रैल 2026 से नई दरें लागू हुई हैं। अब रायपुर-बिलासपुर, कोरबा और अंबिकापुर जैसे व्यस्त रूटों पर यात्रियों को प्रति चक्कर 5 से 20 रुपये तक अतिरिक्त टोल चुकाना पड़ रहा है।
वाहन खरीदारों को बड़ी राहत
एक ओर जहां सफर महंगा हुआ है, वहीं नई गाड़ी खरीदने वालों के लिए सरकार ने राहत का पिटारा खोला है। हाल ही में संपन्न हुए ऑटो एक्सपो 2026 के दौरान छत्तीसगढ़ सरकार ने परिवहन क्षेत्र को बूस्ट देने के लिए एक बड़ी घोषणा की। इसके तहत नए वाहनों की खरीद पर RTO टैक्स में 50% की भारी छूट दी गई है। इस कदम से न केवल निजी खरीदारों को फायदा होगा, बल्कि नए कमर्शियल वाहन खरीदने वाले युवाओं को भी स्वरोजगार में मदद मिलेगी।
चौपाल बिंदु
विशेषज्ञों का मानना है कि टोल और किराए में बढ़ोतरी से दैनिक यात्रियों का बजट बिगड़ेगा, लेकिन RTO टैक्स में कटौती से प्रदेश के ऑटोमोबाइल सेक्टर में नई जान आने की उम्मीद है।
बढ़ती महंगाई के बीच राहत और आफत:सफर हुआ महंगा, लेकिन वाहन खरीदारों के लिए खुशखबरी


