उत्तर प्रदेश विधानसभा अध्यक्ष सतीश महाना द्वारा विधायकों के फोन न उठाने वाले अधिकारियों के खिलाफ सख्ती का ऐलान किया गया है।
उत्तर प्रदेश _20 फरवरी 2026
नेता प्रतिपक्ष माता प्रसाद पांडेय की शिकायत पर सदन में मुद्दा उठा।स्पीकर महाना ने संसदीय कार्य मंत्री सुरेश खन्ना को पूर्व शासन के आदेशों का सख्ती से पालन सुनिश्चित करने को कहा। अधिकारियों को विधायकों को समय व सम्मान देना होगा, अन्यथा सेवा नियमावली के तहत दंड। उन्होंने चेतावनी दी कि यह संवैधानिक व्यवस्था का उल्लंघन है।
प्रभाव व संभावनाएं एवं विश्लेषण: शक्ति संतुलन
यह कदम कार्यपालिका-विधायिका तनाव को दर्शाता है।स्पीकर महाना ने कार्यपालिका, न्यायपालिका व विधायिका के पूरक संबंध पर जोर दिया—किसी अंग का हस्तक्षेप अराजकता न्योता देता है। पूर्व मामलों में दोषी अधिकारियों को दंडित कर चुके हैं, अब ‘सख्त संदेश’ की मांग। यह विधायिका की सर्वोच्चता बहाल करने का प्रयास है, जो लोकतंत्र की जड़ मजबूत करेगा।
संवाद सेतु ऐप
अधिकारियों को सजग बनाएगा, जनहित मुद्दों पर त्वरित सहयोग बढ़ेगा। योगी सरकार ‘संवाद सेतु’ ऐप ला रही—10 मिनट में कॉल बैक न करने पर अलर्ट। सरकार की ओर से विधायिका को मजबूत करने की पहल की जा रही है, लेकिन जमीनी स्तर पर अधिकारियों को अधिक सजग होकर नियमों का अनुपालन/क्रियान्वयन चुनौती।


