वन मंत्री के ‘जीरो टॉलरेंस’ निर्देश का असर: गरियाबंद में बड़ी कार्रवाई
रायपुर/गरियाबंद | 02 जनवरी, 2026
छत्तीसगढ़ के जंगलों में अवैध शिकार के विरुद्ध वन विभाग ने अपना शिकंजा कसना शुरू कर दिया है। वन मंत्री श्री केदार कश्यप के सख्त निर्देशों के बाद विभाग ‘जीरो टॉलरेंस’ की नीति पर काम कर रहा है। इसी कड़ी में गरियाबंद जिले के परसुली परिक्षेत्र में वन विभाग की टीम ने नए साल के पहले ही दिन एक बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है।
गोपनीय सूचना पर दी दबिश, आरोपी के घर मिला ‘मौत का सामान’
मिली जानकारी के अनुसार, 01 जनवरी को वन विभाग को ग्राम कोपेकसा में अवैध शिकार की सटीक गोपनीय सूचना प्राप्त हुई थी। सर्च वारंट के साथ सहायक वन संरक्षक श्री नदीम कृष्णा बरिहा, श्री आर.के. साहू और श्री शिव प्रसाद ध्रुव के संयुक्त नेतृत्व में टीम ने ग्रामीण नंदू ध्रुव के घर पर छापा मारा।
तलाशी के दौरान टीम के भी होश उड़ गए। आरोपी के निवास से भारी मात्रा में:
👉वन्यजीव का कच्चा एवं पका हुआ मांस।
👉एक लाइसेंसी भरमार बंदूक।
👉एक एयर गन और अन्य घातक हथियार बरामद किए गए।
जांच के लिए भेजे गए नमूने, कानूनी शिकंजा कसा
वन विभाग ने बरामद मांस के नमूनों को फोरेंसिक जांच के लिए प्रयोगशाला भेज दिया है ताकि वन्यजीव की प्रजाति की पुष्टि हो सके। आरोपी के विरुद्ध वन्यजीव संरक्षण अधिनियम की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज कर लिया गया है। विभाग अब इस बात की तफ्तीश कर रहा है कि इस अवैध शिकार के पीछे कोई बड़ा गिरोह तो सक्रिय नहीं है।
एक्शन मोड में वन मंत्री और विभाग
हाल ही में राज्य में शिकार की बढ़ती घटनाओं को देखते हुए वन मंत्री श्री केदार कश्यप ने अधिकारियों को स्पष्ट आदेश दिए हैं कि वनों में पेट्रोलिंग बढ़ाई जाए।”हमारी प्राथमिकता वन्यजीवों की सुरक्षा है। शिकारियों के खिलाफ प्रदेश भर में ऐसी ही कड़ी कार्रवाई जारी रहेगी।” – वन विभाग के उच्च अधिकारी


