मरीजों की सुरक्षा और सुरक्षित, किफायती व जवाबदेह स्वास्थ्य व्यवस्था की दिशा में सांसद बृजमोहन अग्रवाल का बड़ा सुझाव।
रायपुर/नई दिल्ली, 24 नवंबर।
रायपुर सांसद एवं वरिष्ठ भाजपा नेता बृजमोहन अग्रवाल ने देशभर में दवाइयों के लिए ‘वन नेशन–वन प्राइस’ (एक राष्ट्र–एक दाम) व्यवस्था लागू करने की जोरदार मांग की है। सांसद अग्रवाल ने यह सुझाव सोमवार को नई दिल्ली में आयोजित रसायन एवं उर्वरक संबंधी संसदीय स्थायी समिति की महत्वपूर्ण बैठक में दिया।
बैठक में दवाओं की कीमतों में वृद्धि पर समीक्षा की गई, जिसमें औषधि विभाग एवं एनपीपीए के अधिकारी उपस्थित रहे। सांसद अग्रवाल ने कहा कि राज्यों में दवाइयों की अलग-अलग दरें व्यवस्था को जटिल बनाती हैं। उन्होंने केंद्र स्तर पर एकीकृत खरीद व्यवस्था बनाने का प्रस्ताव रखा, जिससे पूरे देश में दवाइयों के एक समान मूल्य तय हो सकें और पारदर्शिता बढ़े।
एक्सपायरी दवाओं के निस्तारण पर राष्ट्रीय नीति की मांग
अग्रवाल ने सरकारी अस्पतालों में पड़ी एक्सपायरी दवाओं पर गंभीर चिंता जताई। उन्होंने कहा कि ऐसी दवाओं को खुले में फेंकना पर्यावरण और स्वास्थ्य के लिए गंभीर खतरा है। उन्होंने सुझाव दिया कि केंद्र सरकार कंपनियों को एक्सपायरी दवाओं को वापस लेने और नष्ट करने के लिए कानूनी रूप से जवाबदेह बनाए।
बीजापुर और रायपुर की घटनाओं का उल्लेख
सांसद ने बीजापुर में मोतियाबिंद ऑपरेशन के बाद नौ मरीजों की दृष्टि क्षति और रायपुर में नौ लोगों की आंखें खराब होने की घटनाओं का भी संज्ञान लिया। उन्होंने कहा कि यदि किसी अस्पताल में एक्सपायर दवा उपयोग होती है तो उसकी जिम्मेदारी संबंधित कंपनी की तय की जानी चाहिए।
स्वास्थ्य सुधारों के लिए महत्वपूर्ण सुझाव
सांसद अग्रवाल ने अस्पतालों में पारदर्शी दवा खरीदी व्यवस्था लागू करने की जरूरत पर जोर दिया। समिति ने उनके सुझावों को गंभीरता से लेते हुए इन्हें स्वास्थ्य व्यवस्था सुधार की दिशा में अहम माना। मरीजों की सुरक्षा और किफायती, जवाबदेह स्वास्थ्य प्रणाली के लिए यह कदम बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है।


