इस संकट पर मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने की उच्च स्तरीय बैठक और जनता से कहा अफवाहों पर ध्यान न दे, साथ ही प्रशासन को दिए कड़े निर्देश।
डिजिटल डेस्क/रायपुर,30 मार्च 2026
पश्चिम एशिया में बढ़ते युद्ध संकट ने छत्तीसगढ़ में घरेलू गैस की मांग को अचानक दोगुना कर दिया है। सामान्य दिनों में राज्य में प्रतिदिन औसतन 74 हजार एलपीजी सिलेंडर की बुकिंग होती थी, जो अब 1.42 लाख तक पहुंच गई है। जानकारों का कहना है कि जमाखोरी की आशंका और व्यावसायिक गैस की सीमित आपूर्ति ने घरेलू उपभोक्ताओं को प्रभावित किया है।
रायपुर में सबसे ज्यादा असर, उज्ज्वला उपभोक्ताओं की बढ़ी बुकिंग
राजधानी रायपुर में स्थिति सबसे चिंताजनक है। यहां सामान्यत: 4,500 से 5,000 सिलेंडर प्रतिदिन बुक होते थे, लेकिन अब यह संख्या 16 हजार तक पहुंच गई। उज्ज्वला योजना से जुड़े राज्य के 38 लाख उपभोक्ता, जो सालाना मात्र 2-4 सिलेंडर लेते थे, अब अतिरिक्त बुकिंग कर रहे हैं। व्यावसायिक गैस की आपूर्ति 20 प्रतिशत तक सीमित होने से होटल-रेस्टोरेंट संचालक घरेलू कनेक्शन पर निर्भर हो गए हैं। नतीजतन, एजेंसियों पर दबाव बढ़ा है और उपभोक्ताओं को विलंब का सामना करना पड़ रहा है।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के सख्त निर्देश
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने स्थिति पर काबू पाने के लिए प्रशासन को कड़े निर्देश दिए हैं। उन्होंने जनहित को सर्वोपरि बताते हुए पेट्रोलियम पदार्थों की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित करने, अफवाहें रोकने तथा जमाखोरी-कालाबाजारी पर सख्त कार्रवाई के आदेश दिए। उपभोक्ता शिकायतों के लिए हेल्पलाइन 1800-233-3663 जारी की गई है।
जनता की राय: सुशासन का स्वागत
आम जनता मुख्यमंत्री के इस कदम की सराहना कर रही है। लोगों का मानना है कि कालाबाजारी पर अंकुश से बाजार में स्थिरता आएगी, जबकि शिकायत निवारण तंत्र सरकार की तत्परता दिखाता है। एक उपभोक्ता ने कहा, “यह सजग प्रशासन का उदाहरण है।”
प्रशासन स्थिति पर नजर रखे हुए है।


