शक्ति, स्टार्टअप, संस्कृति और कर्तव्य बोध पर जोर। जनचौपाल 36/चौपाल से चौपाटी तक
नई दिल्ली | 25 जनवरी 2026
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने साल 2026 के पहले ‘मन की बात’ कार्यक्रम में देश के सामाजिक, आर्थिक और सांस्कृतिक विकास से जुड़े अनेक महत्वपूर्ण विषयों पर प्रकाश डाला। उन्होंने युवाओं को राष्ट्र निर्माण की सबसे बड़ी शक्ति बताते हुए कहा कि युवा ऊर्जा और निस्वार्थ सेवा की भावना भारत को शिखर पर पहुंचाने में निर्णायक भूमिका निभाएगी।
प्रधानमंत्री ने स्टार्टअप इंडिया की 10 वर्ष की यात्रा का उल्लेख करते हुए कहा कि आज भारत दुनिया का तीसरा सबसे बड़ा स्टार्टअप इकोसिस्टम बन चुका है। उन्होंने इसे देश के युवाओं की प्रतिभा, नवाचार और आत्मविश्वास का परिणाम बताया और कहा कि इस पूरी यात्रा के असली हीरो हमारे युवा हैं।
राष्ट्रीय मतदाता दिवस के अवसर पर पीएम मोदी ने 18 वर्ष की आयु पूरी कर चुके युवाओं से मतदाता के रूप में पंजीकरण कराने की अपील की। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र को मजबूत करने में युवाओं की भागीदारी बेहद जरूरी है।
प्रधानमंत्री ने ‘एक पेड़ मां के नाम’ अभियान का जिक्र करते हुए बताया कि इसके तहत अब तक देश में 200 करोड़ से अधिक पौधे लगाए जा चुके हैं। उन्होंने इसे पर्यावरण संरक्षण के साथ भावनात्मक जुड़ाव का उदाहरण बताया।
उन्होंने मिलेट्स यानी श्रीअन्न को किसानों की आय बढ़ाने और लोगों के स्वास्थ्य सुधार का प्रभावी माध्यम बताया। पीएम मोदी ने सर्दियों के मौसम में श्रीअन्न को आहार का हिस्सा बनाने की अपील की।
संस्कृति और परंपराओं पर बोलते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि भारतीय त्योहार आज दुनिया के हर कोने में उत्साह और उल्लास के साथ मनाए जा रहे हैं, जिसमें भारतवंशी समुदाय की बड़ी भूमिका है। उन्होंने परिवार व्यवस्था को भारतीय संस्कृति की मजबूत नींव बताया, जिसे वैश्विक स्तर पर सम्मान की दृष्टि से देखा जा रहा है।
प्रधानमंत्री ने स्वच्छता अभियानों में युवाओं की सक्रिय भूमिका की सराहना की और बताया कि अरुणाचल प्रदेश सहित कई राज्यों में युवाओं द्वारा प्रेरक प्रयास किए जा रहे हैं।
इसके साथ ही पीएम मोदी ने बताया कि इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट अगले महीने आयोजित होगी, जिसमें दुनिया भर के तकनीकी विशेषज्ञ भारत आएंगे। उन्होंने गुणवत्ता, कर्तव्य और सामूहिक प्रयास को भारत के उज्ज्वल भविष्य की कुंजी बताया।


