नई दिल्ली/रायपुर, 10 दिसंबर 2025 —
रायपुर सांसद एवं वरिष्ठ भाजपा नेता श्री बृजमोहन अग्रवाल ने लोकसभा में छोटे मॉड्यूलर रिएक्टर (SMR) के महत्व को लेकर एक अहम सवाल उठाया। उन्होंने कहा कि SMR भारत के ऊर्जा भविष्य में हरित, सुरक्षित और उद्योग केंद्रित समाधान के रूप में केंद्रीय भूमिका निभाएंगे। सांसद ने सरकार से छत्तीसगढ़ में NTPC के साथ 2025 में किए गए परमाणु प्रोजेक्ट्स के MoU के तहत परियोजनाओं की स्थिति और क्षमता पर विस्तृत जानकारी मांगी।
अग्रवाल ने SMR के वित्तीय एवं परिचालन मॉडल, बीओटी, पीपीए गारंटी और निजी निवेश के माध्यम से तैनाती बढ़ाने के उपायों पर केंद्र से जवाब मांगा। साथ ही, उन्होंने स्थानीय विनिर्माण के लक्ष्यों, सुरक्षा मानकों, जन-जागरूकता कार्यक्रमों और नियामक पारदर्शिता के बारे में विवरण की मांग की। सांसद ने यह भी पूछा कि कैसे SMR आधारित ऊर्जा प्रतिस्पर्धी टैरिफ पर उपलब्ध कराई जाएगी ताकि उद्योग प्रोत्साहित हो सकें।
राज्य मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह ने बताया कि भाभा एटॉमिक रिसर्च सेंटर ने 200 मेगावाट के भारत स्मॉल मॉड्यूलर रिएक्टर (BSMR-200) का डिजाइन शुरू किया है। इसके अलावा, 5 मेगावाट हाई-टेंपरेचर गैस-कूल्ड रिएक्टर भी विकसित किया जा रहा है, जो हाइड्रोजन उत्पादन और औद्योगिक डीकार्बनाइजेशन में मदद करेगा।
एनटीपीसी ने मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ सरकारों के साथ भी MoU किए हैं, जिनका उद्देश्य राज्य में न्यूक्लियर प्रोजेक्ट्स के विकास के नए अवसर तलाशना है। सांसद अग्रवाल ने कहा, “SMR तकनीकी क्रांति के साथ-साथ छत्तीसगढ़ और भारत के उद्योगों का ऊर्जा भविष्य हैं। यह कदम आर्थिक विकास और पर्यावरण सुरक्षा दोनों को सुनिश्चित करेगा।”


