रायपुर न्यूज 11 जून 2026
नगर निगम रायपुर के नागरिकों पर एक बार फिर आर्थिक बोझ का पहाड़ टूट पड़ा है।राजधानी रायपुर नगर निगम ने घर-घर कचरा संग्रहण के नाम पर यूजर चार्ज में बड़ी बढ़ोतरी कर दी है। महंगाई की मार झेल रही जनता पर यह अतिरिक्त शुल्क एक नई मुसीबत बनकर आया है। फैसले के खिलाफ कांग्रेस सड़क पर उतर आई है और व्यापारी वर्ग भी नाराजगी जता रहा है।
कितना बढ़ा यूजर चार्ज?
नगर निगम द्वारा जारी संशोधित दरों के अनुसार आवासीय मकानों पर अब सालाना ₹120 और व्यावसायिक दुकानों पर ₹600 का अतिरिक्त यूजर चार्ज देना होगा। यह राशि सीधे संपत्ति कर के साथ वसूली जाएगी यानी अब आम आदमी की जेब पर दोहरी मार पड़ेगी।
निगम का तर्क — नियम की आड़
नगर निगम प्रशासन का कहना है कि यह बढ़ोतरी मनमाने तरीके से नहीं की गई है। राज्य सरकार के वर्ष 2017 के आदेश के अनुसार हर तीन साल में यूजर चार्ज संशोधित करने का प्रावधान है। प्रशासन इसी नियम की आड़ में यह बढ़ोतरी लागू कर रहा है। लेकिन सवाल यह है कि जब शहर में कचरा उठाने की व्यवस्था ही चरमराई हुई है तो अतिरिक्त शुल्क किस बात का?
बीजेपी का दोहरा रवैया
2022 में विरोध, 2026 में वसूली —
यह मामला इसलिए और पेचीदा हो गया है क्योंकि साल 2022 में जब रायपुर नगर निगम में कांग्रेस की परिषद थी और उस समय यूजर चार्ज बढ़ाने का प्रस्ताव आया था तब भाजपा ने जोरदार विरोध किया था। आज वही भाजपा सत्ता में आने के बाद वही फैसला खुद लागू कर रही है। कांग्रेस ने इसे भाजपा का दोहरा चरित्र और जनता के साथ धोखा करार दिया है।
कांग्रेस का हस्ताक्षर अभियान और आंदोलन की चेतावनी
नेता प्रतिपक्ष आकाश तिवारी के नेतृत्व में कांग्रेस ने तेलीबांधा तालाब के पास बड़ा हस्ताक्षर अभियान चलाया जिसमें सैकड़ों नागरिक शामिल हुए। इसके अलावा राजीव गांधी चौक पर शहर जिला कांग्रेस कमेटी ने नगर निगम प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी भी की। कांग्रेस ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि जब तक यह फैसला वापस नहीं लिया जाता आंदोलन जारी रहेगा।
जनता की बात — सफाई नहीं तो पैसा क्यों?
रायपुर के आम नागरिकों और व्यापारियों का गुस्सा भी सातवें आसमान पर है। शहर के कई मोहल्लों में आज भी समय पर कचरा नहीं उठता, गलियों में सफाई की हालत दयनीय है और नालियाँ बंद पड़ी हैं। ऐसे में जनता का सवाल है — जब सेवा मिल नहीं रही तो शुल्क किस बात का?
आप क्या कर सकते हैं?
शिकायत के आधार पर यदि आपके क्षेत्र में भी समय पर कचरा नहीं उठाया जा रहा है तो —नगर निगम के टोल फ्री नंबर 1800-233-4999 पर शिकायत दर्ज करें।स्वच्छता ऐप पर अपनी शिकायत ऑनलाइन दर्ज करें।अपने क्षेत्र के पार्षद से संपर्क करें और समस्या उठाएं।सामूहिक रूप से निगम कार्यालय में ज्ञापन सौंपें।
जनता जागे, हक माँगे
यूजर चार्ज लेना गलत नहीं है, लेकिन बिना सेवा के शुल्क वसूलना निश्चित रूप से अन्याय है। नगर निगम को पहले शहर की सफाई व्यवस्था दुरुस्त करनी चाहिए, तभी अतिरिक्त शुल्क लेने का नैतिक अधिकार बनता है। रायपुर की जनता को अपने अधिकारों के लिए एकजुट होना होगा और प्रशासन को जवाबदेह बनाना होगा।


