वृंदावन, 11 अप्रैल 2026
उत्तर प्रदेश के में यमुना नदी पर बड़ा हादसा सामने आया है, जिसने पूरे क्षेत्र को झकझोर कर रख दिया।कीर्ति घाट के पास शुक्रवार दोपहर करीब 3:15 बजे श्रद्धालुओं से भरी नाव अचानक पलट गई, जिससे अब तक 10 लोगों की मौत की पुष्टि हुई है, जबकि 5 श्रद्धालु अभी भी लापता बताए जा रहे हैं।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, पंजाब के लुधियाना, मोगा और मुक्तसर से आए करीब 30–35 श्रद्धालु में नौका विहार के लिए निकले थे। इसी दौरान नाव पीपा पुल से टकरा गई और संतुलन बिगड़ने से पलट गई। हादसे के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई।
राहत की बात यह रही कि करीब 22 श्रद्धालुओं को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया, लेकिन कई लोग पानी में बह गए। सूचना मिलते ही प्रशासन और बचाव दल मौके पर पहुंचा और देर रात तक रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया गया। कई घंटों की मशक्कत के बाद डूबी हुई नाव को नदी से बाहर निकाला गया।
प्रत्यक्षदर्शियों और बचे हुए श्रद्धालुओं ने इस हादसे के पीछे गंभीर लापरवाही का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि पीपा पुल पर निर्माण कार्य चल रहा था, लेकिन वहां किसी प्रकार का चेतावनी बोर्ड या संकेतक नहीं लगाया गया था। इसके अलावा नाव में क्षमता से अधिक सवारी होने और लाइफ जैकेट की अनुपस्थिति भी सामने आई है, जिससे हादसे की गंभीरता और बढ़ गई।
हादसे पर ने गहरा शोक व्यक्त करते हुए मृतकों के परिजनों को मुआवजा देने की घोषणा की है। वहीं ने भी घटना पर दुख जताते हुए संवेदना प्रकट की है। प्रधानमंत्री राहत कोष से मृतकों के परिजनों को 2-2 लाख रुपये और घायलों को 50-50 हजार रुपये सहायता देने की घोषणा की गई है।
पुलिस के अनुसार, रेस्क्यू ऑपरेशन में काफी दिक्कतें आईं क्योंकि नाव पलटकर दलदली क्षेत्र में फंस गई थी। डीआईजी शैलेश कुमार पांडे ने बताया कि लापता लोगों की तलाश लगातार जारी है।
इस हादसे ने एक बार फिर सुरक्षा व्यवस्था और प्रशासनिक लापरवाही पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
वृंदावन हादसा: यमुना में नाव पलटी, 10 श्रद्धालुओं की मौत, कई लापता—लापरवाही पर उठे सवाल


