25.1 C
Raipur
Friday, October 30, 2026
Home Blog Page 234

चलती थार में लगी आग, दो लोगों ने कूदकर बचाई जान

बिलासपुर/छत्तीसगढ़_18/10/2025

दिवाली की भीड़भाड़ के बीच शहर के प्रमुख चौराहे अग्रसेन चौक पर गत दिवस उस समय हड़कंप मच गया, जब एक चलती थार कार में अचानक आग लग गई। कार में सवार दो लोगों ने तुरंत बाहर कूदकर अपनी जान बचाई, जबकि थार देखते ही देखते आग की लपटों में घिर गई।

प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, कार से पहले धुआं निकलता दिखा और कुछ ही पलों में आग भड़क उठी। मौके पर मौजूद लोगों ने तुरंत दमकल और पुलिस को सूचना दी। दमकल विभाग की टीम ने कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया, लेकिन तब तक कार पूरी तरह जल चुकी थी।

शुरुआती जांच में आग लगने का कारण तकनीकी खराबी या शॉर्ट सर्किट माना जा रहा है। हादसे में वाहन पूरी तरह जलकर राख हो गया, लेकिन गनीमत रही कि कोई घायल नहीं हुआ। कार में सवार दोनों लोगों ने समय रहते बाहर कूदकर अपनी जान बचा ली थी।

घटना के कारण करीब एक घंटे तक शहर का यातायात प्रभावित रहा। सूचना मिलने पर दमकल और पुलिस की टीम मौके पर पहुंची, जिन्होंने आग पर काबू पाया और ट्रैफिक व्यवस्था को फिर से सामान्य किया।

प्रारंभिक जांच में इंजन से धुआं उठने के बाद शॉर्ट सर्किट को हादसे का कारण माना जा रहा है। गाड़ी का मलबा हटाकर यातायात को सामान्य कर दिया गया है। मामले की विस्तृत जांच की जा रही है।

जिला पुलिस व पत्रकार संगठनों का पूर्व दीपावली मिलन समारोह पुलिस ग्राउंड बेमेतरा में संपन्न

बेमेतरा/ छत्तीसगढ़_शुक्रवार, दिनांक 17 अक्टूबर 2025

बेमेतरा पुलिस विभाग द्वारा शुक्रवार को पुलिस ग्राउंड, कवर्धा रोड में “पुलिस-प्रेस दीपावली मिलन समारोह” का भव्य आयोजन किया गया। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक रामकृष्ण साहू के मार्गदर्शन में आयोजित इस कार्यक्रम में जिले के प्रिंट, इलेक्ट्रॉनिक, डिजिटल एवं वेब मीडिया से जुड़े पत्रकारों ने बड़ी संख्या में भाग लिया। आयोजन का उद्देश्य पुलिस और मीडिया के बीच समन्वय, सहयोग एवं सौहार्द को बढ़ावा देना रहा।

कार्यक्रम की शुरुआत एसएसपी रामकृष्ण साहू द्वारा दीपावली की शुभकामनाएं देते हुए की गई। उन्होंने पत्रकारों से संवाद करते हुए कहा कि दीपावली जैसे पर्व समाज में आपसी भाईचारे और विश्वास को मजबूत करते हैं। कार्यक्रम में सभी ने साथ बैठकर चाय-नाश्ते व स्वादिष्ट व्यंजनों का आनंद लिया, जिसमें पकौड़ी, जलेबी, लड्डू, भजिया और फ्रूट सलाद प्रमुख रहे। पूरी व्यवस्था पुलिस विभाग द्वारा की गई थी, जिससे आयोजन पूरी तरह सुव्यवस्थित और आत्मीय रहा।

कार्यक्रम के दौरान प्रेस व पुलिस के बीच संवाद सत्र भी हुआ, जिसमें सकारात्मक पत्रकारिता, जनसेवा और सामाजिक समरसता जैसे विषयों पर चर्चा की गई। श्रमजीवी पत्रकार संघ ने ‘स्वदेशी से राष्ट्र निर्माण’ की बात रखते हुए पर्यावरण संरक्षण में मीडिया की भूमिका को भी रेखांकित किया। चर्चा में समाज के वैचारिक सुधार और भारतीय दर्शन के वैश्विक महत्व पर भी विचार रखे गए।

समापन के अवसर पर एसएसपी रामकृष्ण साहू ने सभी पत्रकारों को लक्ष्मी माता की प्रतिमा व मिठाई का पैकेट भेंट कर दीपावली की शुभकामनाएं दीं। इस अवसर पर अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्रीमती ज्योति सिंह, डीएसपी राजेश झा, एसडीओपी विनय कुमार सहित जिले के अनेक वरिष्ठ अधिकारी व श्रमजीवी पत्रकार संघ और सिटी प्रेस क्लब के पत्रकार उपस्थित रहे। यह आयोजन पुलिस और मीडिया के रिश्तों को और अधिक मजबूत बनाने की दिशा में एक सराहनीय पहल सिद्ध हुआ।




बिहार विधानसभा चुनाव 2025:लालगंज में सांसद बृजमोहन अग्रवाल ने भरी जीत की हुंकार —

कहा, बूथ स्तर तक संगठन मज़बूत करें कार्यकर्ता

लालगंज (वैशाली), 17 अक्टूबर 2025

बिहार में चुनावी सरगर्मी के बीच शुक्रवार को लालगंज विधानसभा क्षेत्र में भाजपा के वरिष्ठ नेता, लोकसभा सांसद व छत्तीसगढ़ सरकार के पूर्व मंत्री बृजमोहन अग्रवाल ने कार्यकर्ताओं की बैठक लेकर संगठन को मजबूती देने का संदेश दिया।

इस मौके पर लालगंज के विधायक एवं भाजपा प्रत्याशी संजय सिंह, उत्तर प्रदेश सरकार के पूर्व मंत्री सतीश द्विवेदी, मंडल अध्यक्ष सहित भाजपा व युवा मोर्चा के अनेक पदाधिकारी और कार्यकर्ता उपस्थित रहे।

बैठक में विधानसभा क्षेत्र की चुनावी रणनीति, संगठन विस्तार और बूथ स्तर तक भाजपा के जनसंपर्क अभियान को तेज़ करने पर विस्तार से चर्चा हुई।

सांसद अग्रवाल ने कहा कि भाजपा की सरकार “सबका साथ, सबका विकास” के सिद्धांत पर कार्य कर रही है। उन्होंने कार्यकर्ताओं से अपील की कि वे घर-घर जाकर केंद्र सरकार की योजनाओं और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में हुए विकास कार्यों को जनता तक पहुँचाएँ।

उन्होंने कहा, “भारतीय जनता पार्टी का हर कार्यकर्ता पार्टी की रीढ़ है। एकजुट होकर हम बिहार में भाजपा की सरकार बना सकते हैं और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में राष्ट्र को और सशक्त बना सकते हैं।”




गुजरात में मंत्रिमंडल में बड़ा फेरबदल, सभी मंत्रियों ने दिया इस्तीफा

गांधीनगर/गुजरात_17/10/2025

गुजरात में मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल के नेतृत्व में बड़ा राजनीतिक बदलाव होने जा रहा है। राज्य के सभी मंत्रियों ने अपना इस्तीफा मुख्यमंत्री को सौंप दिया है। सूत्रों के मुताबिक, मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल आज शाम तक राज्यपाल को नए मंत्रिमंडल की सूची सौंपेंगे। नया मंत्रिमंडल कल सुबह शपथ ले सकता है।

भाजपा संगठन में हलचल तेज हो गई है। पार्टी के राष्ट्रीय संगठन महामंत्री सुनील बंसल गांधीनगर पहुंच चुके हैं और उच्चस्तरीय बैठकों का दौर जारी है। माना जा रहा है कि आने वाले विधानसभा चुनावों और आगामी राजनीतिक समीकरणों को ध्यान में रखते हुए भाजपा नेतृत्व यह फेरबदल कर रहा है।

राजनीतिक पर्यवेक्षकों का मानना है कि नए मंत्रिमंडल में युवा और संगठनात्मक रूप से सक्रिय चेहरों को स्थान मिल सकता है। हालांकि, आधिकारिक घोषणा का इंतजार किया जा रहा है।

सियासी माहौल में नई हलचल
मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल के नेतृत्व में गुजरात सरकार इस मंत्रिमंडल विस्तार के लिए तैयार है। कौन-कौन से चेहरे इस बार मंत्रिमंडल में शामिल होंगे, इस पर सियासी गलियारों में चर्चाओं का बाजार गर्म है।


आज बस्तर में नक्सल उन्मूलन की दिशा में ऐतिहासिक सफलता —

दण्डकारण्य क्षेत्र के 200 से अधिक माओवादी करेंगे आत्मसमर्पण

रायपुर/छत्तीसगढ़, 17 अक्टूबर 2025

छत्तीसगढ़ में नक्सल उन्मूलन के इतिहास में आज का दिन एक बड़ी सफलता के रूप में दर्ज होने जा रहा है। राज्य शासन की व्यापक और मानवीय नक्सल-उन्मूलन नीति के परिणामस्वरूप दण्डकारण्य क्षेत्र के लगभग 200 माओवादी कैडर, जिनमें कई वरिष्ठतम हार्डकोर सदस्य भी शामिल हैं, ने हिंसा का मार्ग छोड़कर मुख्यधारा में लौटने का निर्णय लिया है।

इस अवसर पर मुख्यमंत्री विष्णु देव साय और उपमुख्यमंत्री (गृहमंत्री) विजय शर्मा विशेष रूप से उपस्थित रहेंगे।
इन सभी आत्मसमर्पित माओवादियों के औपचारिक पुनर्समावेशन समारोह का आयोजन आज शुक्रवार, 17 अक्टूबर 2025 को सुबह 11:00 बजे जगदलपुर के रिज़र्व पुलिस लाइन परिसर में किया जाएगा।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा कि, “बस्तर की वास्तविक शक्ति उसके लोगों की आत्मनिर्भरता, शिक्षा, आजीविका और सामाजिक सम्मान में निहित है। इन्हीं मूल्यों पर आधारित शासन की नीति ने अब दण्डकारण्य के भीतरी इलाकों तक नई उम्मीद और परिवर्तन का संदेश पहुँचाया है।”

उन्होंने इस घटना को शांति, संवाद और विकास पर आधारित शासन नीति का ठोस परिणाम बताया और इसे “बस्तर में नक्सल उन्मूलन की दिशा में निर्णायक मोड़” करार दिया।

राज्य सरकार ने बीते महीनों में सुरक्षा मोर्चे पर जहाँ सशक्त रणनीतिक कदम उठाए हैं, वहीं शिक्षा, स्वास्थ्य, सड़क, संचार और आजीविका से जुड़े कार्यक्रमों के माध्यम से स्थायी शांति की आधारभूमि भी तैयार की है।

सूत्रों के अनुसार,जनवरी 2024 में भाजपा सरकार बनने के बाद अब तक 2100 माओवादियों ने आत्मसमर्पण किया,1785 गिरफ्तार हुए हैं तथा 477 नक्सली मुठभेड़ों में मारे गए हैं।

यह सफलता पुलिस और सुरक्षा बलों की रणनीतिक मुहिम,स्थानीय प्रशासन तथा जनप्रतिनिधियों और समाज की रचनात्मक भागीदारी का संयुक्त परिणाम है।




भारत अब दुनिया की तीसरी सबसे ताकतवर वायुसेना

विशेषज्ञों के अनुसार, युद्ध की परिस्थितियों में यह समन्वय भारत को निर्णायक बढ़त दिला सकता है, जैसा कि ऑपरेशन सिंदूर में देखा गया था।

नई दिल्ली/ मीडिया सूत्र | 17 अक्टूबर 2025

भारत ने अपनी वायुसेना शक्ति के मोर्चे पर चीन को पीछे छोड़ते हुए एक नई उपलब्धि हासिल की है। वर्ल्ड डायरेक्टरी ऑफ मॉडर्न मिलिट्री एयरक्राफ्ट (WDMMA) की ताजा वैश्विक रिपोर्ट के अनुसार, भारतीय वायुसेना (IAF) अब अमेरिका और रूस के बाद दुनिया की तीसरी सबसे ताकतवर वायुसेना बन गई है। यह रैंकिंग केवल विमानों की संख्या पर आधारित नहीं है, बल्कि ट्रेनिंग, तकनीकी दक्षता, और मिशन निष्पादन क्षमता जैसे आयामों को भी शामिल करती है।

रैंकिंग में चीन पीछे, भारत की बढ़ी प्रतिष्ठा
रिपोर्ट में बताया गया है कि चीन के पास विमान संख्या के मामले में बढ़त होने के बावजूद भारतीय वायुसेना की आधुनिक तकनीक, रणनीति और मिशन तैयारी ने उसे पीछे छोड़ दिया है। भारत की ताकत सटीक हमले, तेज प्रतिक्रिया और अभियान कौशल में है। हाल में हुए ऑपरेशन सिंदूर में भारतीय वायुसेना ने अपनी इस तैयारी का सफल प्रदर्शन किया, जब पाकिस्तान के कई ठिकानों को निशाना बनाकर वायु क्षेत्र में भारत का दबदबा स्थापित किया गया।

अगर सशक्तिकरण की बात करें तो भारत आगे
WDMMA की रैंकिंग के अनुसार, शीर्ष पांच देशों में अमेरिका (TVR 242.92), रूस (114.23), भारत (69.44), चीन (63.85) और जापान (58.1) शामिल हैं। इस ट्रू-वैल रेटिंग (TVR) प्रणाली के ज़रिए प्रत्येक वायुसेना की वास्तविक युद्ध क्षमता का आकलन किया जाता है। भारत के लिए यह उपलब्धि उसकी रणनीतिक निवेश नीति, स्थानीय रक्षा विनिर्माण और पायलटों की गहन प्रशिक्षण प्रणाली का परिणाम मानी जा रही है।

तीनों सेनाओं में बेहतर तालमेल
रक्षा विशेषज्ञों का कहना है कि भारत की तीनों सेनाओं — आर्मी, नेवी और एयरफोर्स — के बीच मजबूत तालमेल ही उसकी सफलता का केंद्र है। रूस की तरह सिर्फ हथियारों पर निर्भर रहने के बजाय भारत ने मानव संसाधन और युद्ध प्रबंधन पर निवेश किया है।

19 अक्टूबर को अयोध्या:भारत के सांस्कृतिक पुनर्जागरण की प्रतीक भूमि: दीपोत्सव में झलकेगी दिव्यता और भव्यता”

26 लाख दीपों से जगमगाएगी अयोध्या: भक्ति, परंपरा और आधुनिकता का संगम बनेगा दीपोत्सव 2025

अयोध्या/ उत्तरप्रदेश/ 17/10/2025

अयोध्या में दीपोत्सव 2025 सिर्फ एक धार्मिक आयोजन नहीं, बल्कि एक सांस्कृतिक पुनर्जागरण का प्रतीक बन चुका है। 26 लाख से अधिक दीपों की ज्योति जब सरयू तट पर एक साथ दमकती है, तो यह दृश्य केवल अंधकार पर प्रकाश की जीत नहीं दर्शाता, बल्कि यह भी बताता है कि परंपरा और तकनीक मिलकर नए भारत की सांस्कृतिक पहचान गढ़ रही हैं। 33 लाख से अधिक स्वयंसेवकों की सहभागिता इस आयोजन को विश्व के सबसे बड़े जन-उत्सवों में से एक बना देती है।

अयोध्या प्रशासन इस वर्ष के दीपोत्सव को पहले से भी ज्यादा आकर्षक और व्यवस्थित बनाने में जुटा है। घाटों की पेंटिंग, नई लाइटिंग व्यवस्था और ड्रोन शो जैसी तकनीकी प्रस्तुतियां इस आयोजन को आधुनिक स्पर्श देंगी। हर विभाग की ओर से ग्राउंड लेवल पर समीक्षा चल रही है ताकि कोई कमी न रहे। यह आयोजन न सिर्फ धार्मिक दृष्टि से महत्वपूर्ण है, बल्कि इसके माध्यम से पर्यटन और स्थानीय रोजगार का एक नया दौर भी शुरू होता है।

21 झांकियों के साथ होने वाला भरत मिलाप, पुष्पक विमान से उतरते भगवान राम और सरयू आरती की भव्यता—ये सभी दृश्य अयोध्या को दिव्यता और उत्साह से भर देंगे। देशभर से आ रहे कलाकार अपनी लोक-संस्कृतियों का संगम प्रस्तुत करेंगे, जिससे दीपोत्सव एक अखिल भारतीय सांस्कृतिक उत्सव बन जाएगा। इस आयोजन के जरिए न केवल रामनगरी की आध्यात्मिक पहचान मजबूत होगी, बल्कि भारत के विविध सांस्कृतिक रंग भी जगमगाएंगे।

दीपोत्सव 2025, भक्ति, परंपरा और आधुनिकता का अद्भुत संगम बनकर उभरने जा रहा है। सुरक्षा से लेकर पर्यावरण तक हर पहलू पर सूक्ष्म तैयारी यह संदेश देती है कि अयोध्या अब केवल आस्था का केंद्र नहीं, बल्कि “ग्लोबल स्पिरिचुअल हब” बनने की दिशा में अग्रसर है। इस दीपोत्सव की हर लौ में नयी आशा, संस्कृति की स्थिरता और एकजुट भारत का उजियारा समाया है।



नेतृत्व की नई लहर, युवा जोश का असर: जेसी पारस अग्रवाल ने संभाली कमान

उमंग और नेतृत्व का संगम बना जेसीआई रायपुर यूथ कैपिटल 2026 जोश, जुनून और नेतृत्व की पहचान।

धरसीवां/रायपुर_16/10/2025

धरसीवां के राइस मिलर मां संतोषी उद्योग के संचालक के पुत्र जेसी पारस अग्रवाल को वर्ष 2026 के लिए जेसीआई रायपुर यूथ कैपिटल का अध्यक्ष चुना गया है।

पारस अग्रवाल के चयन की जानकारी मिलते ही परिवार, मित्रों और शुभचिंतकों में खुशी की लहर दौड़ गई। उनके माता-पिता ने इस सफलता पर गर्व व्यक्त करते हुए नई जिम्मेदारी के लिए उन्हें आशीर्वाद और शुभकामनाएं दीं।

युवा उम्र में यह चयन नेतृत्व, सामाजिक संवेदनशीलता और संगठनात्मक क्षमता की मिसाल माना जा रहा है। सभी को उम्मीद है कि अपने कार्यकाल में पारस अग्रवाल युवाओं को नई दिशा देने, सामाजिक सरोकारों को मजबूत करने और संगठन के विकास में महत्वपूर्ण योगदान देंगे।

संगठन से जुड़े सदस्यों ने भी विश्वास जताया कि उनके नेतृत्व में जेसीआई रायपुर यूथ कैपिटल नई ऊंचाइयों को छूएगा और शहर के युवाओं के लिए प्रेरणा का केंद्र बनेगा।

“81 करोड़ थालियाँ, एक लक्ष्य – मिशन खाद्य और पोषण सुरक्षा”

0

खाद्य सुरक्षा और सार्वजनिक वितरण प्रणाली: “खुशहाल थाली, सुरक्षित भारत

नई दिल्ली, 15 अक्टूबर —2025(पीआईबी)

केंद्र सरकार ने सभी नागरिकों के लिए सुलभ, सुरक्षित और पौष्टिक भोजन सुनिश्चित करने की दिशा में अपने संकल्प को दोहराते हुए कहा कि अक्टूबर 2025 तक 78.90 करोड़ लाभार्थियों को राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम (एनएफएसए) के अंतर्गत मुफ्त खाद्यान्न प्रदान किया जा रहा है। एनएफएसए के तहत ग्रामीण आबादी के 75 प्रतिशत और शहरी आबादी के 50 प्रतिशत लोगों को लक्षित सार्वजनिक वितरण प्रणाली (टीपीडीएस) के माध्यम से नि:शुल्क राशन मिल रहा है।

एनएफएसए के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए केंद्र और राज्य सरकारें संयुक्त रूप से कार्य कर रही हैं। केंद्र सरकार भारतीय खाद्य निगम (एफसीआई) के माध्यम से खरीद, आवंटन और परिवहन का प्रबंधन करती है, जबकि राज्य सरकारें पात्र लाभार्थियों की पहचान, राशन कार्ड वितरण और उचित मूल्य दुकानों के संचालन की जिम्मेदारी निभाती हैं। डिजिटल रूपांतरण को गति देने के लिए ‘मेरा राशन 2.0’ और ‘अन्न मित्र’ मोबाइल ऐप जैसी पहलें की गई हैं ताकि पारदर्शिता और दक्षता सुनिश्चित की जा सके।

उत्पादन क्षेत्र में, सरकार का राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा और पोषण मिशन (एनएफएसएनएम) किसानों को तकनीकी सहायता और प्रशिक्षण प्रदान कर कृषि उत्पादकता और मिट्टी की गुणवत्ता बढ़ाने पर केंद्रित है। इस मिशन के तहत चावल, गेहूं, दाल और मोटे अनाज की उत्पादकता में निरंतर वृद्धि हुई है, जो खाद्य आपूर्ति की स्थिरता को मजबूत करती है।

सरकार ने यह भी सुनिश्चित किया है कि गर्भवती महिलाओं, स्तनपान कराने वाली माताओं और बच्चों को समेकित बाल विकास सेवा (आईसीडीएस) और पीएम-पोषण योजना के माध्यम से आवश्यक पोषण उपलब्ध हो। महिलाओं को पोषण पूरकता और मजदूरी हानि की आंशिक पूर्ति हेतु 6,000 रुपये का नकद मातृत्व लाभ भी दिया जाता है। यह बहुआयामी प्रयास भारत को खाद्य और पोषण सुरक्षा में आत्मनिर्भर व समानता-आधारित समाज की ओर अग्रसर कर रहा है।

वक्फ बोर्डों ने लक्षद्वीप समीक्षा बैठक में आईआईटी दिल्ली के अध्ययन की सराहना की

0

कवरत्ती (लक्षद्वीप), 15 अक्टूबर2025—(खबर फोटो पीआईबी)

अल्पसंख्यक कार्य मंत्रालय ने वक्फ संपत्तियों के प्रबंधन में पारदर्शिता और डिजिटल सुशासन को बढ़ावा देने के उद्देश्य से ‘एकीकृत वक्फ प्रबंधन, सशक्तिकरण, दक्षता और विकास’ (उम्मीद) पोर्टल की समीक्षा बैठक आयोजित की। बैठक में मंत्रालय के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ लक्षद्वीप, महाराष्ट्र और गुजरात वक्फ बोर्डों के प्रतिनिधियों ने भाग लिया।

बैठक के दौरान वक्फ संपत्तियों के डेटा डिजिटलीकरण की प्रगति, परिचालन कार्यप्रवाह और राज्यों व केंद्रीय पोर्टल टीम के बीच बेहतर समन्वय पर चर्चा की गई। मंत्रालय के निदेशक (वक्फ) एस. पी. सिंह तेवतिया और उप सचिव समीर सिन्हा ने सत्र का नेतृत्व किया। उन्होंने वक्फ संपत्ति प्रबंधन प्रणाली को अधिक पारदर्शी और कुशल बनाने पर बल दिया।

राज्य वक्फ बोर्डों ने भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (आईआईटी) दिल्ली द्वारा किए गए वक्फ संपत्तियों से संबंधित अध्ययन की सर्वसम्मति से प्रशंसा की। प्रतिनिधियों ने कहा कि इस अध्ययन ने प्रमुख चुनौतियों की पहचान करने और डेटा प्रबंधन को अधिक साक्ष्य-आधारित बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। अध्ययन के निष्कर्षों से डिजिटलीकरण और सत्यापन प्रक्रियाएं अधिक सुगम हुई हैं।

बैठक के अंत में, प्रतिभागियों ने उम्मीद पोर्टल में सभी वक्फ संपत्ति रिकॉर्डों को पूर्ण रूप से एकीकृत करने का संकल्प दोहराया। मंत्रालय ने स्पष्ट किया कि यह पहल प्रधानमंत्री के डिजिटल इंडिया विजन के अनुरूप है, जिसका उद्देश्य प्रौद्योगिकी-संचालित पारदर्शी और जवाबदेह वक्फ प्रबंधन प्रणाली की स्थापना करना है।