बेमेतरा से निकली प्रतिभा ने बढ़ाया क्षेत्र का मान, परिवार में खुशी की लहर
बेमेतरा/रायपुर।05 नवंबर 2026
राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान (एनआईटी) रायपुर ने अखिलेश शर्मा को कंप्यूटर साइंस एंड इंजीनियरिंग विषय में डॉक्टर ऑफ फिलॉसफी (पीएचडी) की उपाधि प्रदान की है। यह उपाधि उन्हें 3 नवंबर 2026 को दी गई। इस उपलब्धि से परिवार ही नहीं, पूरे क्षेत्र में हर्ष का माहौल है।
अखिलेश शर्मा ने अपने शोध का विषय “Enhancement of Security and Trust in Chit-Fund Using Blockchain Technology” चुना था। अपने अध्ययन में उन्होंने ब्लॉकचेन तकनीक के जरिए चिटफंड प्रणाली में सुरक्षा, पारदर्शिता और भरोसे को मजबूत करने के उपायों की पड़ताल की है। आम लोगों की बचत और भरोसे से जुड़ी चिटफंड व्यवस्था को तकनीक के सहारे अधिक सुरक्षित बनाने की दिशा में यह शोध अहम माना जा रहा है।
इस उपलब्धि पर शरद तिवारी, अंजू तिवारी, दुष्यंत तिवारी, जितेंद्र शुक्ला, ममता शुक्ला, लोकेश्वर शुक्ला, मीरा शुक्ला, रमेश तिवारी, सुनीता तिवारी, आकांक्षा शर्मा, अनिल-नेहा शर्मा, राकेश-निम्मी, वैशाली-अविनाश दुबे और दीपाली तिवारी सहित परिजनों ने हर्ष व्यक्त करते हुए बधाई और शुभकामनाएं दीं। सभी ने उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए इसे पूरे परिवार के लिए गौरवपूर्ण क्षण बताया।
अखिलेश शर्मा की माता श्रीमती विजयालक्ष्मी शर्मा और पिता पुरुषोत्तम तिवारी (निवासी खम्हारडीह) हैं। उनकी शैक्षणिक यात्रा की प्रारंभिक नींव बेमेतरा में उनके नाना श्री गोविंद प्रसाद शुक्ला और मामा जितेंद्र शुक्ला के सानिध्य में पड़ी। परिवार के मार्गदर्शन और सहयोग से उन्होंने निरंतर आगे बढ़ते हुए पीएचडी की उपाधि हासिल की और परिवार तथा क्षेत्र का गौरव बढ़ाया।
