शिक्षा विभाग ने अभी तक कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं दी है।कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष दीपक बैज ने समर्थन दिया है।
जनचौपाल_36/चौपाल से चौपाटी तक
रायपुर, 20 जनवरी 2026
छत्तीसगढ़ के सरकारी स्कूलों में मध्यान्ह भोजन बनाने वाले करीब 87,000 रसोइयों ने न्यूनतम वेतन व राशन भत्ते की मांग को लेकर 29 दिसंबर से हड़ताल शुरू कर दी है। 33 जिलों से जुड़े ये रसोइये तीन सप्ताह से प्रदर्शन कर रहे हैं, जिससे स्कूलों में बच्चों का भोजन प्रभावित हो रहा है।
नया रायपुर के तूता मैदान में धरना चल रहा है, जहां रसोइयों ने मुख्यमंत्री आवास घेराव जैसे कदम उठाए। महासमुंद में प्रतिनिधिमंडल को रोका गया, जिससे सड़क पर प्रदर्शन हुआ।
प्रदेशव्यापी आंदोलन के तहत छत्तीसगढ़ महिला-पुरुष मध्यान्ह भोजन रसोइया संघ का प्रतिनिधिमंडल मंगलवार को शिक्षा मंत्री गजेंद्र यादव से मिलने रायपुर पहुंचा। लेकिन महासमुंद जिले के ग्राम गुढ़ियारी नदी मोड़ पर पुलिस प्रशासन ने उन्हें रोक दिया। आक्रोशित रसोइयों ने सड़क पर ही धरना शुरू कर दिया और शासन के खिलाफ नारेबाजी की। बाद में वे तूता मैदान पहुंचे, जहां बड़ी संख्या में रसोइये एकत्र हुए।
हड़तालकारियों का कहना है कि दैनिक वेतन इतना कम है कि परिवार का गुजारा मुश्किल हो गया है। वे चुनावी वादों पर अमल की मांग कर रहे हैं, जिसमें वेतन वृद्धि, राशन भत्ता और अन्य सुविधाएं शामिल हैं। संघ ने चेतावनी दी है कि मांगें पूरी न होने पर आंदोलन और तेज होगा।


