“महंगाई की मार से बेहाल आम आदमी, जनता की जेब पर सीधा हमला” भाजपा सरकार में महंगाई लगातार आम आदमी की कमर तोड़ रही है। एक ओर युवाओं को रोजगार नहीं मिल रहा, दूसरी ओर रोजमर्रा की जरूरतों की चीजें महंगी होती जा रही हैं। अब बसों का किराया 40 प्रतिशत से भी अधिक बढ़ाने के फैसले ने जनता की मुश्किलें और बढ़ा दी हैं।
पूर्व विधायक विकास उपाध्याय ने इसे आम जनता की जेब पर सीधा हमला बताया। उन्होंने कहा कि जीएसटी और नोटबंदी के बाद व्यापार और रोजगार पर पड़े असर से लोग पहले ही परेशान हैं। ऐसे में किराया बढ़ने से रोजाना बसों में सफर करने वाले मजदूरों, कर्मचारियों, विद्यार्थियों और मध्यमवर्गीय परिवारों का बजट बिगड़ेगा।
उन्होंने सवाल उठाया कि जब रोजगार के अवसर नहीं बढ़ रहे और महंगाई लगातार बढ़ रही है, तो आम आदमी घर कैसे चलाएगा? उन्होंने मांग की कि सरकार जनता पर आर्थिक बोझ डालने के बजाय महंगाई पर नियंत्रण और रोजगार उपलब्ध कराने के लिए ठोस कदम उठाए।