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Sunday, September 27, 2026

CMO पर गिरी गाज, तीन मामलों में प्रथम दृष्टया दोषी मिलने पर यशवंत देवांगन निलंबित; जानें पूरा मामला

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रायपुर :  नगरीय प्रशासन विभाग से जुड़ी बड़ी कार्रवाई सामने आई है। संचालनालय नगरीय प्रशासन एवं विकास ने नगर पंचायत बिलाईगढ़ के प्रभारी मुख्य नगर पालिका अधिकारी यशवंत देवांगन को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। विभागीय आदेश में उन्हें तीन अलग-अलग मामलों में प्रथम दृष्टया दोषी माना गया है।कार्रवाई के बाद नगर पंचायत बिलाईगढ़ में प्रशासनिक हलचल बढ़ गई है। जिन मामलों को लेकर निलंबन की कार्रवाई हुई है, उनमें योजना से जुड़े भुगतान को लंबित रखने, परिषद के एजेंडे में कथित कूटरचना और स्वच्छता दीदियों के साथ अमर्यादित व्यवहार के आरोप शामिल हैं।

वूमेन फॉर ट्री योजना का भुगतान रोकने का आरोप

विभागीय आदेश के मुताबिक यशवंत देवांगन पर वूमेन फॉर ट्री योजना से संबंधित भुगतान को लंबित रखने का आरोप लगाया गया है। इस मामले को भी निलंबन के आधार में शामिल किया गया है।संचालनालय ने उपलब्ध शिकायतों और तथ्यों के आधार पर इस मामले में प्रभारी CMO की भूमिका को प्रथम दृष्टया दोषपूर्ण माना है।

नगर पंचायत के एजेंडे में कूटरचना का मामला

निलंबन से जुड़ा दूसरा मामला नगर पंचायत परिषद के निर्धारित एजेंडा क्रमांक 21 से संबंधित है। आरोप है कि मूल विषय की जगह किसी दूसरे विषय को प्रस्तुत करने के लिए एजेंडे में कूटरचना की गई।परिषद के आधिकारिक एजेंडे से जुड़े इस आरोप को विभाग ने गंभीर प्रशासनिक अनियमितता के तौर पर लिया है। एक सरकारी निकाय की बैठक में प्रस्तुत किए जाने वाले विषय से जुड़ा होने के कारण यह मामला कार्रवाई का अहम आधार बना है।

स्वच्छता दीदियों से व्यवहार को लेकर भी शिकायत

तीसरा मामला स्वच्छता दीदियों से जुड़ा बताया गया है। प्रभारी CMO पर उनके साथ अमर्यादित और अशोभनीय व्यवहार करने का आरोप लगाया गया है।इन तीनों मामलों को लेकर सामने आई शिकायतों और उपलब्ध तथ्यों की समीक्षा के बाद नगरीय प्रशासन एवं विकास संचालनालय ने यशवंत देवांगन के खिलाफ निलंबन की कार्रवाई की है।

तत्काल प्रभाव से निलंबन, आगे जांच की प्रक्रिया

विभाग ने मामले की गंभीरता को देखते हुए निलंबन आदेश तत्काल प्रभाव से लागू किया है। निलंबन अवधि के दौरान उनके संबंध में विभागीय नियमों के अनुसार प्रशासनिक व्यवस्था लागू रहेगी।अब संबंधित मामलों की आगे विभागीय जांच और नियमानुसार कार्रवाई की प्रक्रिया महत्वपूर्ण होगी। जांच के दौरान आरोपों से जुड़े दस्तावेजों और अन्य तथ्यों की समीक्षा के बाद आगे की स्थिति स्पष्ट हो सकती है।

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